प्यार आज भी है

मैं उसके साथ लगभग ढाई साल से रिश्ते में था। बहुत ख़्ाुश थे हम दोनों। वर्तमान के साथ ही भविष्य के सपनों के भी ताने-बाने बुन रहे थे। दिसंबर में मैंने अपनी गर्लफ्रेंड की कई बड़ी $गलतियों से नाराज़ होकर उससे ब्रेकअप कर लिया था, पर अब मैं उसमें कई बदलाव देख रहा हूं। उस व$क्त की नाराज़गी से मैं उसकी अच्छाइयों पर ध्यान नहीं दे पाया, फिर मैंने सोचा कि $गलतियां तो हम सभी करते हैं, मैने भी की होंगी। इस सोच के साथ मैंने हमारे ख़्ाूबसूरत रिश्ते को बचा लिया। जितना प्यार मैं उससे करता हूं, उतना ही वह भी मुझसे करती है। शायद इसी वजह से इतने महीने अलग रहने के बावजूद आज हम साथ हैं। मैं सबसे बस इतना कहना चाहता हूं कि नाराज़गी कुछ समय के लिए ही होनी चाहिए, जि़ंदगी भर के लिए नहीं। अगर आप किसी को वा$कई बहुत मानते हैं तो उसे एक मौ$का ज़रूर दें। य$कीन मानिए, आप भी हमारी तरह बहुत ख़्ाुश रहेंगे।

शिवम

तुम हो सबसे ख़्ाास

प्रीति, तुम मुझसे पांच साल छोटी हो और इसलिए बड़प्पन का हर रौब मैंने तुम पर ख़्ाूब झाड़ा है। अपनी $गलतियां तुम पर डालना हो, या तुम्हें मारना... मैंने ये सारे काम किए। पर, आज जब मैं इन सब के बारे में सोचती हूं, तो मुझे लगता है कि मैंने बहुत $गलत किया था। आज तुम्हारी पर्सनैलिटी में मेरी इन $गलतियों की छाप है। अगर बड़ी बहन होने के कुछ $फजऱ् भी मैंने अदा किए होते, तो आज बात कुछ अलग ही होती। अब तुम पढ़ाई के लिए मुझसे दूर हो तो मुझे तुम्हारी बहुत याद आती है। सबसे ज्य़ादा बुरा तो यही सोच कर लगता है कि जो मैंने तुम्हारे साथ किया, वह सब तुमने कभी अपने से छोटों के साथ नहीं किया। तुमने सबको हमेशा बहुत प्यार और आदर से डील किया। इसीलिए आज तुम मेरी सबसे प्यारी बहन हो। मैं तुम्हें बहुत मिस करती हूं। सबको तुम्हारी जैसी बहन ही मिले। तुम सच में सबसे ख़्ाास हो।

आयुषि

Posted By: Babita kashyap