जागरण संवाददाता, नई दिल्ली :

करीब दो माह से चल रहा सीलिंग का अभियान अब रिहायशी इलाकों में भी पहुंच गया है। सुप्रीम कोर्ट द्वारा गठित मॉनिट¨रग कमेटी के आदेश के बाद बृहस्पतिवार को उत्तरी दिल्ली नगर निगम ने सीलिंग अभियान में तेजी लाते हुए रिहायशी इलाकों में स्थित स्टिल्ट एरिया (भूतल में पार्किंग क्षेत्र) में सीलिंग की कार्रवाई की। उत्तरी दिल्ली नगर निगम के विभिन्न जोनों में 35 स्टील्ट एरिया सील की गई। इसके अलावा 10 लोकल शॉपिंग कांप्लेक्स और चार बेसमेंट सील किए गए। कन्वर्जन शुल्क जमा न करने व मास्टर प्लान 2021 के नियमों के उल्लंघन पर लोकल शॉपिंग कांप्लेक्स व बेसमेंट में जबकि भवन नियमों के उल्लंघन पर स्टिल्ट एरिया को सील किया जा रहा है।

उत्तरी दिल्ली नगर निगम के किशनगंज में तीन स्टिल्ट एरिया पर सीलिंग की कार्रवाई हुई। इसी तरह इंद्रपुरी में तीन बेसमेंट और राजेंद्र नगर के छह स्टिल्ट एरिया सीलिंग की जद में आए। रोहिणी सेक्टर आठ में सात स्टिल्ट एरिया तथा अशोक विहार, म¨हद्रा पार्क, अवतार एंक्लेव, पश्चिम विहार में कुल 17 स्टिल्ट एरिया को सील किया गया। सिविल लाइंस इलाके में 10 लोकल शॉपिंग कांप्लेक्स और दो स्टिल्ट एरिया पर सीलिंग की कार्रवाई हुई।

दक्षिणी दिल्ली नगर निगम में सील हुई 31 संपत्तियां

बृहस्पतिवार को भी दक्षिणी दिल्ली नगर निगम क्षेत्र में सीलिंग का डंडा चला। नगर निगम के पश्चिमी, मध्य और नजफगढ़ क्षेत्र में 31 संपत्तियों पर सीलिंग की कार्रवाई हुई। निगम के भवन विभाग, नजफगढ़ क्षेत्र ने सागरपुर, भवन विभाग, पश्चिमी क्षेत्र ने ए-ब्लॉक राजौरी गार्डन और भवन विभाग, मध्य क्षेत्र ने ईस्ट निजामुद्दीन में सीलिंग की कार्रवाई की।

इसी तरह पश्चिमी क्षेत्र के ए- ब्लॉक राजौरी गार्डन में तीन संपत्तियां सील की गई। इसमें ए-62 राजौरी गार्डन में स्थित इलाहाबाद बैंक का बेसमेंट भी सीलिंग की जद में आया। ए-65 राजौरी गार्डन में एक शोरूम के प्रथम तल को दो जगह से सील किया गया। राजौरी गार्डन का ब्यूटी सैलून भी कार्रवाई की जद में आया। ईस्ट निजामुद्दीन में एक ऑफिस पर सील का ताला लटक गया। नजफगढ़ क्षेत्र के भवन निर्माण विभाग ने सागरपुर क्षेत्र में संपत्तियों के गलत इस्तेमाल और कन्वर्जन शुल्क नहीं देने के कारण 27 संपत्तियों को सील किया।

By Jagran