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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Sep 09, 2022 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

Queen Elizabeth II Death: महारानी एलिजाबेथ II ने बनारस और पंजाब का भी किया भ्रमण, देखें स्वर्ण मंदिर का वीडियो

By Pradeep Kumar ChauhanEdited By:
Published: Fri, 09 Sep 2022 04:37 AM (IST)

Queen Elizabeth II Death ब्रिटेन की महारानी एलिजाबेथ द्वितीय ने करीब 61 साल पहले यूपी के बनारस की यात्रा की ...और पढ़ें

Queen Elizabeth II Death: हारानी एलिजाबेथ द्वितीय ने साल 1997 में गोल्डन टेंपल का भी भ्रमण किया था।
Queen Elizabeth II Death: हारानी एलिजाबेथ द्वितीय ने साल 1997 में गोल्डन टेंपल का भी भ्रमण किया था।

नई दिल्ली एजेंसी। Queen Elizabeth II Death: ब्रिटेन की महारानी एलिजाबेथ द्वितीय ने करीब 61 साल पहले यूपी के बनारस की यात्रा की थी। वह 27 फरवरी सन 1961 को काशी की यात्रा पर थी उस समय देश के पहले प्रधानमंत्री पंडित जवाहरलाल नेहरू ने उनकी मेजबानी की थी। ऐसे माना जाता है कि छतों पर सड़कों पर जमा भीड़ ने उनका हर हर महादेव की जयघोष के साथ भव्य स्वागत किया था। 

आज की वाराणसी उस समय काशी थी और काशी नरेश ने ब्रिटेन की साम्राज्ञी को गंगा विहार भी कराया था। तब एक सजे-धजे बजड़े में महारानी ने काशी के घाटों का दर्शन किया था। बजड़े पर 'गॉड सेव द क्वीन' के बैनर भी लगाए गए थे। मणिकर्णिका घाट पर जलती चिताए उस वक्त महारानी के कौतूहल का कारण बनी थीं। 'बर्निंग घाट्स ऑफ काशी' शीर्षक से यह तस्वीरें भी तब लंदन के अखबारों में प्रखुता के साथ प्रकाशित की गई थीं।

जलियांवाला बाग और अमृतसर के स्वर्ण मंदिर का भ्रमण किया

महारानी एलिजाबेथ द्वितीय ने अपना आखिरी दौरा वर्ष 1997 में किया था। यह भारत की ब्रिटेन से आजादी की 50वीं जयंती थी और देश आजादी के इस स्वर्णिम अवसर को पूरे जोश से मना रहा था। इस दौरे अपने पति प्रिंस फिलिप के साथ पहुंची ब्रिटिश क्वीन ने कई धार्मिक स्थलों का भ्रमण किया था। उन्होंने अमृतसर के स्वर्ण मंदिर में जाकर वहां पर माथा टेका था। इसके साथ ही जलियांवाला बाग में जाकर अपनी श्रद्धांजलि भी धी। ऐसा करने वाली महारानी ब्रिटेन की पहली राष्ट्राध्यक्ष थीं। 

भारत के दौरे पर मदर टेरेसा को किया सम्मानित

ब्रिटिश महारानी क्वीन एलिजाबेथ द्वितीय ने अपना दूसरा दौरा साल 1983 में किया था। भारत पहुंचने पर राष्ट्रपति ज्ञानी जैल सिंह ने उनका और उनके पति प्रिंस फिलिप का स्वागत किया था। अपनी नौ दिवसीय दौरे के दौरान उन्होंने तत्कालीन  प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी से मुलाकात की थी। इस दौरे में उन्होंने मदर टेरेसा को सिविलियन अवॉर्ड ऑर्डर ऑफ मेरिट से नवाजा था। ऐसा बताया जाता है कि वह भारतीय भोजन नहीं खाती थीं, इसलिए उनके लिए दिल्ली के हैदराबाद हाउस में खास शेफ बुलाए गए थे, जो ब्रिटिश महारानी की पसंद का भोजन बनाने में प्रवीणता हासिल किए हुए थे।