नोएडा (सुरेंद्र राम)। दिल्ली से सटे नोएडा के सेक्टर-18 में एटीएम में शुक्रवार रात चिप की मदद से कार्ड का डाटा चोरी करने का आरोपित रोमानिया निवासी ओंसियू एनेक्सएंड्रू एक साल से भारत आ रहा था। इस बार वह पांचवीं बार आया था। सॉफ्टवेयर की अच्छी जानकारी होने का फायदा उठाते हुए वह चिप की मदद से डिटेल प्राप्त कर कार्ड क्लोन करके एटीएम से रुपये निकालता था। पुलिस को आशंका है कि आरोपित अब तक एक हजार से अधिक एटीएम कार्ड का डाटा चोरी करके लाखों की चपत लगा चुका है। पुलिस आरोपित को रिमांड पर लेने की तैयारी शुरू कर दी है।

एलआइयू ने विदेशी दूतावास को सौंपा फुटेज
एलआइयू इंस्पेक्टर विजय कुमार ने बताया कि आरोपित डाटा चोरी के आरोपों को सिरे से खारिज कर रहा था। जब उसे सीसीटीवी कैमरे में कैद उसकी करतूत और एटीएम से प्राप्त चिप को दिखाकर पूछताछ की गई, तब वह शांत हो गया। रोमानिया दूतावास को आरोपित की गिरफ्तारी के कारण के साथ कैमरे में कैद करतूत की फुटेज भी सौंपी गई है।

पहली बार मेरठ में आया था मामला
साइबर एक्सपर्ट अनुज अग्रवाल ने बताया कि डाटा चोरी करके कार्ड क्लोनिंग का मामला पहली बार मेरठ में आया था। दो साल पहले पुलिस ने तीन युवकों को पकड़ा था। उनसे एक चिप और कैमरा बरामद हुआ था। इसके बाद प्रदेश के अलग-अलग जिलों में कई मामले सामने आ चुके हैं। जिला पुलिस ने पहली बार एटीएम कार्ड का डाटा चोरी करने के आरोपित को गिरफ्तार किया है।

स्कीमर व पिन होल कैमरा की लेते हैं मदद
साइबर एक्सपर्ट का कहना है कि हैकर एटीएम कार्ड का डाटा चोरी करने के लिये स्कीमर डिवाइस और पिन होल कैमरे की मदद लेते हैं। स्कीमर में चुम्बकीय पत्ती होती है। इसे एटीएम में उपर की तरफ लगा देते हैं और पिन होल कैमरा चिपका देते हैं। जब भी कोई कार्ड डाल कर पैसे निकालता है, तो सारी डिटेल स्कीमर कॉपी कर लेता है और कैमरा पिन नंबर कैप्चर कर लेता है। इसकी मदद से हैकर कार्ड क्लोन कर लेते हैं।

एटीएम से पैसा निकालते समय इन बातों का रखें ख्याल

यदि एटीएम बूथ पर गार्ड तैनात न हो, तो पैसा निकालने से बचें

पिन नंबर डालते समय एक हाथ ऊपर रखें, ताकि ऊपर चिपकाया गया पिन होल कैमरा पिन नंबर को कैप्चर न कर सके।

मशीन में कार्ड डालने के दौरान यह देख लें कि अंदर कुछ फंसा तो नहीं है।

यदि ट्रांजेक्शन रुक जाये, तो अपना कार्ड तुरंत ब्लॉक करा दें।

पैसा नहीं निकालते हैं और मैसेज आया है, तो तीन दिन के अंदर बैंक से शिकायत करें।

रोमानिया में करते हैं ऑनलाइन खरीदारी, वहां ओटीपी जरूरी नहीं
हैकर क्लोनिंग कार्ड कई बार रोमानिया लेकर चले जाते हैं। वहां ओटीपी की जरूरत नहीं पड़ती है, इसलिए आसानी से भारतीय कार्ड से ऑनलाइन खरीदारी कर लेते हैं। क्लोन किए गए कार्ड से भारत में ऑनलाइन खरीदारी करने पर ओटीपी देना पड़ता है। इसलिये डाटा चोरी करके हैकर यहां सिर्फ एटीएम से रुपये निकालते हैं। ऑनलाइन खरीदारी या ट्रांसफर रोमानिया में करते हैं।

 

By JP Yadav