नई दिल्ली, जागरण संवाददाता। कोरोना के नए स्वरूप में ज्यादातर लोग हल्के लक्षणों से संक्रमित हो रहे हैं। किसी को जुकाम हैं तो किसी को खांसी है। ऐसे में लोग कोरोना से तो नहीं डर रहे हैं लेकिन, बीते वर्ष दूसरी लहर में पैदा हुए हालातों से ज्यादा डर रहे हैं। दक्षिणी निगम द्वारा शुरू की गई चिकित्सीय हेल्पलाइन पर लोग इसी से बचाव की सलाह ले रहे हैं। ज्यादातर लोग डरे हुए हैं। उन्हें लगता है कि कहीं ऐसा न हो कि वह ज्यादा बीमार हो जाएं और उन्हें अस्पताल में दाखिल होने के लिए परेशान होना पड़े।

हेल्पलाइन के नोडल अधिकारी डा. आरएन प्रसाद ने बताया कि अभी तक 115 काल आ चुकी हैं। इसमें ज्यादातर मरीज वह हैं जो होम आइसोलेशन में है और उन्हें कोरोना पाजीटिव की रिपोर्ट आए एक या दो दिन हुआ है। उन्होंने बताया कि ज्यादातर मरीज हल्के लक्षणों से पीड़ित हैं। लोग इस बात पर ज्यादा चिंतित हैं कि कई उनकी तबीयत ज्यादा खराब न हो जाए। डा. प्रसाद ने बताया कि हम ऐसे मरीजों को हम उन्हें सलाह दे रहे हैं और उन्हें समझा रहे हैं कि वह ज्यादा डरे नहीं।

साथ ही जिन मरीजों को जुकाम या खांसी की शिकायत हैं तो उन्हें तय दिशा-निर्देशों के अनुसार चिकित्सीय परामर्श दे रहे हैं।

डा. प्रसाद ने बताया कि ज्यादातर मरीज हल्का बुखार और बदन दर्द के साथ ही सर्दी जुकाम से पीड़ित हैं। उन्हें एक या दो दिन हल्का बुखार रहता है और बदन दर्द की शिकायत है। हालांकि यह देखने में आ रहा है कि लोगों को पांच से छह दिन से ज्यादा खांसी की शिकायत हो रही है।

कलकत्ता और पंजाब से आ रहे हैं फोन

डा. आरएन प्रसाद ने बताया कि निगम की हेल्पलाइन पर न केवल दक्षिणी निगम क्षेत्र के लोग फोन कर रहे हैं बल्कि दूसरे राज्यो से भी फोन कर रहे हैं। निगम के पास हरियाणा, पंजाब और कलकत्ता तक से कोरोना के मरीज फोन कर रहे हैं। कई काल तो रात में आते हैं जिनमें लोग इलाज के लिए सलाह लेते हैं।

उल्लेखनीय है कि 11 जनवरी को दक्षिणी निगम ने तिलक नगर अस्पाल में वीडियों और फोन पर चिकित्सीय परामर्श के लिए हेल्पलाइन शुरू की थी। इसमें लोग 99990 19426, 99990 19375, 99990 19745 और 99990 19340 नंबर पर काल करके 24 घंटे में कभी भी चिकित्सीय परामर्श ले सकते हैं।

Edited By: Vinay Kumar Tiwari