नई दिल्ली [संजीव गुप्ता]। फरवरी का महीना सर्दियों के लिए जाना जाता है और दिल्ली की भी कड़ाके की सर्दी के लिए मशहूर है। यहां तक कि बालीवुड ने दिल्ली की सर्दी पर गाने भी बनाए हैं, लेकिन इस वर्ष दिल्ली में फरवरी को सर्दी नहीं गर्मी के लिए याद रखा जाएगा। संभव है आने वाले कई वर्षो तक फरवरी में इतनी गर्मी फिर कभी न हो। 

इस वर्ष फरवरी में गर्मी ने लगातार डेढ़ दशक के रिकार्ड तोड़े। एक तरफ तापमान सामान्य में बढ़ोतरी हुई, तो दूसरी तरफ बारिश दिल्ली से मुंह मोड़े खड़ी रही। मौसम विज्ञानी इसके पीछे कई कारण बता रहे हैं। फरवरी का औसत अधिकतम तापमान 23.9 डिग्री सेल्सियस, जबकि न्यूनतम तापमान 9.9 डिग्री सेल्सियस रहता है, लेकिन इस वर्ष फरवरी का औसत अधिकतम तापमान चार डिग्री ज्यादा 27.8 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 0.4 डिग्री ज्यादा 10.3 डिग्री सेल्सियस दर्ज हुआ।

28 में से 24 दिन अधिकतम तापमान सामान्य से ज्यादा रहा। सात दिन 30 डिग्री सेल्सियस से भी ज्यादा रिकार्ड किया गया। इसी तरह न्यूनतम छह दिन सामान्य, जबकि आठ दिन सामान्य से अधिक दर्ज हुआ। माह की औसत बारिश 18.0 मिमी है, लेकिन इस बार यह 86 फीसद कम केवल 2.6 मिमी रही। पीछे मुड़कर देखें तो इससे पहले 2006 में ही फरवरी का महीना इतना गर्म रहा था। तब 11 दिन अधिकतम तापमान 30 डिग्री सेल्सियस से अधिक रहा था।

इसी साल 26 फरवरी के दिन अधिकतम तापमान का आल टाइम रिकार्ड बना था जो 34.1 डिग्री सेल्सियस था। इस साल यह तापमान 33.2 डिग्री सेल्सियस तक गया, जो आल टाइम रिकार्ड से एक डिग्री से भी कम ही रहा।

फरवरी में गर्मी के प्रमुख कारण

  •  आसमान साफ रहना और चटक धूप खिलना
  •  मजबूत पश्चिमी विक्षोभों की संख्या में कमी आना

 

Indian T20 League

शॉर्ट मे जानें सभी बड़ी खबरें और पायें ई-पेपर,ऑडियो न्यूज़,और अन्य सर्विस, डाउनलोड जागरण ऐप

kumbh-mela-2021