नई दिल्ली/सोनीपत [संजय निधि]। Farmers Law: कृषि कानून विरोधी आंदोलनकारियों से कुंडली बार्डर पर जीटी रोड के एक तरफ का रास्ता खुलवाने के लिए रविवार को आयोजित हाई पावर कमेटी की बैठक में संयुक्त किसान मोर्चा शामिल नहीं होगा। मोर्चा के नेताओं का कहना है कि सुप्रीम कोर्ट के आदेश में वे पार्टी नहीं हैं। यह सरकार व अदालत के बीच का मामला है तो सरकार ही जवाब दे। इसके साथ ही उनका कहना है कि उन्होंने रास्ता बंद नहीं किया है। रास्ता सरकार ने कंक्रीट के पक्के बैरिकेड लगाकर बंद किया हुआ है। बता दें कि रास्ते को बंद करने के कारण हर दिन हजारों लोगों को आने-जाने में परेशानी होती है।

कुंडली बार्डर पर बैठक में लिया गया फैसला

संयुक्त किसान मोर्चा में शामिल पंजाब के सभी 32 जत्थेबंदियों ने शनिवार को कुंडली बार्डर बैठक की। बैठक की अध्यक्षता पंजाब केे किसान नेता भोग सिंह मानसा ने की, जिसमें डा. दर्शनपाल के अलावा दल्लेवाल, बलबीर राजेवाल, बख्तावर सिंह समेत सभी नेता मौजूद रहे। बैठक में फैसला लिया कि सुप्रीम कोर्ट के निर्णय के आलोक में सरकार द्वारा बनाई गई हाई पावर कमेटी की रविवार को मुरथल विश्वविद्यालय में होने वाली बैठक में वे शामिल नहीं होंगे।

सरकार अपनी चाल में फंसाना चाह रही

मोर्चा के नेताओं ने कहा कि सरकार उन्हें अपनी चाल में फंसाना चाहती है। सुप्रीम कोर्ट ने जवाब मांगा है तो सरकार उनके कंधे पर रखकर बंदूक चलाना चाहती है। उन्होंने कहा कि कोरोनाकाल में जब आक्सीजन सिलेंडर लाने-ले जाने में लंबा चक्कर लगाना पड़ रहा था तो उन्होंने सरकार को कहा था कि वे दिल्ली की ओर वाली दीवार हटा दें तो रास्ता सुलभ हो सकता है, लेकिन सरकार नहीं मानी। हमने तो एक तरफ का रास्ता खोल रखा है।

तय शेड्यूल के अनुसार होगी बैठक : उपायुक्त

सोनीपत के उपायुक्त ललित सिवाच ने कहा कि सरकार की ओर से गठित हाई पावर कमेटी की बैठक तय शेड्यूल के अनुसार होगी। इसमें सभी प्रमुख पदाधिकारी पहुंचेंगे। वे संयुक्त किसान मोर्चा से भी अपील करते हैं कि जनहित के मुद्दे पर सरकार का सहयोग करें और बैठक में शामिल हों। चूंकि सुप्रीम कोर्ट में जवाब दाखिल करना है, तो कमेटी की बैठक जरूर होगी। उन्हें उम्मीद है कि इसमें मोर्चा के प्रतिनिधि भी शामिल होंगे।

चढ़ूनी पर एजेंडा चलाने का आरोप, कार्रवाई की सिफारिश

पंजाब के 32 किसान जत्थेबंदियों ने बैठक में भाकियू नेता गुरनाम सिंह चढ़ूनी पर पंजाब में अपना एजेंडा चलाने का आराेप लगाया है। बैठक की जानकारी देते हुए भाेग सिंह मानसा ने बताया कि 10 सितंबर को पंजाब केे विभिन्न राजनीतिक दलों के साथ बैठक में चुनाव की घाेषणा होने तक वहां कोई राजनीतिक सभाएं नहीं करने को कहा था। इस पर वे मान भी गए हैं, लेकिन गुरनाम सिंह चढ़ूनी अभी भी वहां अपनी गैरजरूरी गतिविधियां चला रहे हैं। वे मोर्चा के नाम पर वहां माहौल खराब कर रहे हैं और अपना एजेंडा चला रहे हैं, जो किसान हित में नहीं है। इसलिए उन्होंने संयुक्त किसान मोर्चा से चढ़ूनी के खिलाफ कार्रवाई की सिफारिश की है।

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Edited By: Prateek Kumar