नई दिल्ली [प्रियंका दुबे मेहता]। लंदन के ली कारडन ब्लू से पाककला में प्रशिक्षण प्राप्त वंशिका भाटिया ने दुनिया के बेहतरीन रेस्टोरेंट्स में काम करते हुए बहुत सी जानकारियां एकत्र कीं और पाककला को नए आयाम दिए। वे कोपनहेगन में नोमा, थाइलैंड का गग्गन, दुबई के जुनून रेस्टोरेंट में काम करते हुए पाककला के क्षेत्र में प्रयोगों से रूबरू हुईं और फिर गुरुग्राम के ली मैरीडियन होटल में अपना ‘टूगेदर एट ट्वेल्थ’ नाम से रेस्त्रां खोला तो स्वादप्रेमियों ने इसे हाथोंहाथ लिया। जीरो वेस्टेज के सिद्धांत पर काम करते हुए वंशिका ने स्थानीय मसालों को तरजीह दी है और और व्यंजनों में वे ऐसे प्रयोग करती हैं जो कि दुर्लभ होने के साथ-साथ स्वादिष्ट भी साबित होता है। अपने कौशल को और निखारने के लिए वंशिका हर तीन महीने पर एक बार फूड यात्रा पर निकलती हैं। अब वे आने वाले समय में दक्षिण भारतीय व्यंजनों पर काम करने की तैयारी में हैं। उनका कहना है कि देश के सबसे निचले हिस्से में तटीय व्यंजनों के साथ वे प्रयोग कर इसे लोगों तक पहुंचाना चाहती हैं। सेक्टर 65 स्थित पटीट पाइ शाप है। उनके कुल दो रेस्तरां हैं।

पंपकिन शोरबा

 सामग्री 

पीला पेठा (कद्दू)- 500 ग्राम, लहसुन - तीन पीस, अदरक- 20 ग्राम, धनिया - आवश्यकतानुसार, गरम मसाला - एक टेबल स्पून, नमक -स्वादानुसार।

विधि

कूकर में सभी सामग्री को मिला दें। इसमें एक चम्मच तेल और थोड़ा पानी मिलाएं ताकि कद्दू ढंक जाए। दो सीटी आने तक पका लें। दस मिनट तक कम आंच पर रखें। प्रेशर निकलने के बाद इसे ब्लेंड कर लें। अब इसे ठंडा कर लें। परोसने के पहले दोबारा से गर्म करें। इसे एक महीने तक फ्रिज में स्टोर करके रखा जा सकता है। यह शोरबा स्वादिष्ट होने के साथ-साथ स्वास्थ्यवर्धक भी है। इससे भूख बढ़ती है और उपापचय की क्रिया सुचारू होती है। 

 स्पाइसी हमस के तो क्या कहने 

सामग्री

काबुली चना- सौ ग्राम, आलिव आइल - 20 मिली, लहसुन - दो टुकड़े, लाल मिर्च पाउडर - आधा टी स्पून, जीरा पाउडर - एक चौथाई चम्मच, नींबू का रस - एक, आइस क्यूब - एक, नमक स्वादानुसार।

विधि

स्पाइसी हमस बनाने के लिए उपरोक्त सारी सामग्री एक साथ मिला लें। अब इसे ब्लेंडर में डालकर चिकना होने तक इसे ब्लेंड करें। यह किसी भी डिश के साथ खाया जा सकता है।

पोषण से भरपूर है सीड चिक्की

सीड चिक्की बनाने में आसान और खाने में स्वादिष्ट तो है ही, साथ ही यह स्वास्थ्यवर्धक भी है। बच्चों से लेकर बड़ों तक को यह पसंद आती है। वंशिका का कहना है कि इस डिश को केवल स्वीट डिश के तौर पर न देखकर हेल्दी डाइट के तौर पर देखा जाना चाहिए। चीनी की जगह गुड़ का प्रयोग करने से इसके फायदे और बढ़ जाते हैं। इसमें नट्स के बजाय बीच इसीलिए डाले जाते हैं ताकि उनका पोषण मिल सके। नट्स कई बार गरिष्ठ हो जाते हैं।

सामग्री 

भुने हुए मिश्रित बीज 100 ग्राम, चीनी 50 ग्राम, नमक के कुछ दाने

विधि

कड़ाही को गरम करके उसमें थोड़ी-थोड़ी चीनी डालें। इसे सुनहरा होने तक चलाएं। सारी चीनी पिघल जाने के बाद मिश्रित बीज मिलाएं। ध्यान रखें कि बीच जल्दी-जल्दी हिलाते हुए मिलाए जाएं। अब एक बर्तन में तेल लगाकर उसपर पतली परत फैलाएं। इसे छोटे-छोटे टुकड़ों में काट लें। यह साधारण सी रेसिपी केवल स्वाद ही नहीं बल्कि स्वास्थ्य के लिहाज से भी उम्दा है। बीज के पोषक तत्वों युक्त इस चिक्की को नाश्ते से लेकर किसी भी मील के तौर पर खाकर दूध पिया जाए तो संतुलित आहार मिल जाता है। इसमें भरपूर कैल्शियम और प्रोटीन तनाव, हड्डियों के दर्द और अन्य तरह की परेशानियों को दूर करने में सहायक होता है।

सांस्कृतिक हमलावरों को सम्मान पर सवाल, मुगल आक्रांता हुमायूं के नाम से सड़क और मुहल्ला बना दिया

Edited By: Jp Yadav