यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jan 05, 2017 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
नोटबंदी: आमदनी घटने पर केजरीवाल सरकार ने PM मोदी से मांगा मुआवजा
मनीष सिसोदिया के मुताबिक, नोटबंदी की वजह से मौजूदा वित्तीय वर्ष में आमदानी के लक्ष्य को हासिल करना संभव नहीं है।

नई दिल्ली (जेएनएन)। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा 8 नवंबर को किए गए नोटबंदी के बाद से आम आदमी पार्टी को लगातार हमला जारी है। इस कड़ी में दिल्ली के उप मुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया ने मांग की है कि नोटबंदी की वजह से राज्य सरकारों की आमदानी को जो नुकसान हुआ है उसके लिए केंद्र सरकार मुआवजा दे।
वित्त मंत्री की बैठक में की मांग
बुधवार को केंद्रीय वित्त मंत्री अरुण जेटली ने सभी राज्यों के वित्त मंत्रियों के साथ प्री-बजट मीटिंग बुलायी थी। इसी मीटिंग में दिल्ली का वित्त मंत्री होने के नाते मनीष सिसोदिया ने यह प्रतिक्रिया दी। मनीष सिसोदिया ने कहा कि नकद की कमी की वजह से वैट कलेक्शन पर भी बुरा असर पड़ा है।
वित्तीय वर्ष में आमदानी के लक्ष्य को हासिल करना मुश्किल
मनीष सिसोदिया के मुताबिक, मौजूदा वित्तीय वर्ष में आमदानी के लक्ष्य को हासिल करना संभव नहीं है। ऐसे में संसाधनों की कमी की वजह से सरकार की ओर से चलाए जा रहे विकास के सभी कार्य प्रभावित होंगे।
यह भी कहा...
उपमुख्यमंत्री ने इस बात की ओर भी ध्यान दिलाया कि केंद्र की सरकार सेंट्रल टैक्सेस के अपने हिस्सा का सिर्फ 325 करोड़ रुपये दिल्ली सरकार को देती है जो पिछले 15 सालों से निष्क्रिय है। ठीक इसी तरह स्थानीय समितियों को भी आधारभूत और परफॉर्मेंस ग्रांट नहीं मिल रहा है जिसकी सिफारिश 14वें केंद्रीय वित्त कमीशन ने की थी।
