नई दिल्ली, जागरण डिजिटल डेस्क। देश की राजधानी दिल्ली में शराब पर 95 प्रतिशत तक की छूट देना का प्लान तैयार है, लेकिन उपराज्यपाल विनय कुमार सक्सेना की मंजूरी नहीं मिलने से मामला अटका हुआ है। बताया जा रहा कि दिल्ली सरकार और उपराज्यपाल के बीच पिछले दिनों शुरू हुई अनबन चलते इस पर मंजूरी के लिए थोड़ा इंतजार करना पड़ सकता है।

वहीं, दिल्ली भारतीय जनता पार्टी भी लगातार नई शराब नीति के विरोध में दिल्ली सरकार के खिलाफ आवाज बुलंद करती रही है। कई बार तो भाजपा आम आदमी पार्टी की नई शराब नीति के खिलाफ आंदोलन तक कर चुकी है। बावजूद इसके माना जा रहा है कि जल्द से दिल्ली सस्ती शराब बेचने को मंजूरी मिल सकती है, क्योंकि उपराज्यपाल विनय कुमार सक्सेना इस प्रस्ताव को ज्यादा दिनों तक रोक नहीं सकते हैं।

1 जून से सस्ती होनी थी शराब

दिल्ली सरकार के प्रस्ताव के अनुसार, 1 जून से दिल्ली में शराब पीने वालों को तोहफा मिलना था, जिसके तहत शराब पर 95 प्रतिशत से भी ज्यादा छूट का प्रस्ताव था। दरअसल, दिल्ली में सत्तासीन आम आदमी पार्टी सरकार ने शराब पर मिल रही 25 प्रतिशत की छूट को असीमित कर दिया है।

इससे शराब विक्रेता एमआरपी से नीचे किसी भी कीमत पर शराब बेच सकेंगे। दिल्ली सरकार ने यह फैसला लेकर फाइल मंजूरी के लिए उपराज्यपाल के पास भेजा है। फैसले के तहत नई आबकारी नीति में यह प्रविधान किया जा रहा है कि शराब पर 95 प्रतिशत की छूट शराब विक्रेता दे सकेंगे।

दिल्ली सरकार का यह है तर्क

दिल्ली सरकार का यह प्रस्ताव है कि लाइसेंस धारक एडवांस में शराब बेचने के लिए लाइसेंस फीस दे रहा है तो उसे उसके अनुसार कम दाम पर शराब बेचने की अनुमति दी जानी चाहिए। दिल्ली सरकार के आबकारी विभाग ने गत दो अप्रैल को निजी दुकानों को शराब के अधिकतम खुदरा मूल्य (एमआरपी) पर 25 प्रतिशत तक की छूट देने की अनुमति दे दी थी। यह छूट अब तक भी जारी है।

दिल्ली में तड़के तीन बजे तक मिलेगी शराब

नई शराब नीति के तहत दिल्ली में तड़के तीन बजे तक बार में शराब सर्व करने का भी प्रस्ताव है। आबकारी विभाग ने इस बारे में आदेश जारी करने के लिए प्रक्रिया शुरू कर दी है, लेकिन इसको भी उपराज्यपाल अनिल बैजल की मंजूरी नहीं मिली है।

Edited By: Jp Yadav