नई दिल्ली [आशीष गुप्ता]। गोकलपुरी में दंगे के दौरान युवक की हत्या के मामले में कड़कड़डूमा कोर्ट ने आरोपित विवेक पांचाल, जतिन शर्मा और ऋषभ चौधरी को जमानत देने से इन्कार कर दिया। अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश विनोद यादव की कोर्ट ने कहा कि आरोपितों पर लगे आरोप गंभीर हैं। इनके खिलाफ पर्याप्त साक्ष्य हैं। यही नहीं ये आरोपित हत्या के कई अन्य मामलों में भी आरोपित हैं। ऐसे में इन्हें जमानत नहीं दी जा सकती।

विवेक, जतिन एवं ऋषभ ने दायर की थी जमानत याचिका

गत वर्ष फरवरी में दंगे दौरान गोकलपुरी क्षेत्र में युवक आमिर खान की हत्या कर दी गई थी। इस मामले में आरोपित विवेक पांचाल, जतिन शर्मा और ऋषभ चौधरी ने जमानत के लिए अर्जी दायर की थी। अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश विनोद यादव की कोर्ट में अर्जियों पर सुनवाई के दौरान आरोपितों के वकील ने कहा कि उनके मुवक्किलों को इस मामले में गलत फंसाया गया है।

ग्रुप के संचालक का पता नहीं पा रही पुलिस

पुलिस के पास आरोप साबित करने के लिए कोई वीडियो फुटेज नहीं है। साथ ही कहा कि जिस ‘कट्टर हिंदू एकता’ वाट्सएप ग्रुप की बात की जा रही है, उसमें 125 लोग जुड़े हुए थे हैं। पुलिस अब तक इस ग्रुप के संचालक का पता नहीं लगा पाई है। वहीं अभियोजन पक्ष ने जमानत अर्जियों का विरोध करते हुए कहा कि आरोपित जतिन और विवेक घर से लकड़ी का डंडा बरामद किया गया था। इसके अलावा गवाहों ने घटना के बारे में पुलिस को बताया है। एक गवाह ने तो पीसीआर को काल भी की थी। दोनों पक्षों को सुनने के बाद कोर्ट ने जमानत अर्जी खारिज कर दी। कोर्ट ने कहा कि गवाह विश्वसनीय प्रतीत होता है। उसने पीसीआर काल की थी। साथ ही हत्या से जुड़ा गवाह का बयान मृत युवक की पोस्टमार्टम रिपोर्ट से मेल खाता है।

Edited By: Prateek Kumar