यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Nov 05, 2022 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
Delhi Pollution 2022: दिल्ली में अगले आदेश तक नहीं चलेंगे 5 लाख वाहन, सड़कों पर दिखे तो 20,000 रुपये चालान
Delhi Pollution 2022 दिल्ली-एनसीआर में वायु प्रदूषण के चलते (Graded Response Action Plan) का चौथा चरण लागू कर दिया गया ...और पढ़ें

नई दिल्ली, राज्य ब्यूरो। दिल्ली में बढ़ते वायु प्रदूषण के चलते शनिवार से कई तरह के प्रतिबंध लगा दिए गए हैं, जिससे जहरीली हवा का असर कुछ हद तक कम किया जा सके। दिल्ली में शनिवार से 50 प्रतिशत कर्मचारी वर्क फ्राम होम हो गए हैं तो वहीं प्राइमरी स्कूलों को भी अनिश्चितकाल के लिए बंद कर दिया गया है।
इसी कड़ी में प्रदूषण फैलाने वाले वाहनों पर भी प्रतिबंध लगाया गया है। दिल्ली परिवहन विभाग द्वारा जारी आदेश अनुसार दिल्ली में बीएस-3 पेट्रोल और बीएस-4 डीजल के हल्के मोटर वाहन (एलएमवी) भी शनिवार से अगले आदेश तक नहीं चल पाएंगे।
पांच लाख वाहनों का परिचालन बंद
एक अप्रैल 2010 से पहले के पेट्रोल वाहन और एक अप्रैल 2020 से पहले के पंजीकृत डीजल वाहन दिल्ली में नहीं चल पाएंगे। परिवहन विभाग का कहना है कि इस आदेश से शनिवार से पांच लाख से अधिक वाहनों पर रोक जाएगी। इनमें कारों के साथ दो पहिया भी शामिल हैं।
बता दें कि दिल्ली के पर्यावरण मंत्री ने ली संबंधित विभागों की बैठक, गठित की छह सदस्यीय निगरानी समिति राज्य ब्यूरो,नई दिल्ली वायु प्रदूषण के गंभीर श्रेणी में पहुंचने और ग्रेडेड रिस्पांस एक्शन प्लान (ग्रेप) का चौथा चरण लागू हो जाने के मद्देनजर राजधानी में दिल्ली में डीजल ट्रकों के प्रवेश पर प्रतिबंध लगा दिया है।
दिल्ली में पंजीकृत डीजल संचालित मध्यम माल वाहन (एमजीवी) और भारी माल वाहनों (एचजीवी) को आवश्यक वस्तुओं को ले जाने या आवश्यक सेवाएं प्रदान करने वालों को छोड़कर अन्य को चलने की अनुमति शनिवार से नहीं है।
वहीं, इन वाहनों पर प्रतिबंध से होने वाली परेशानी के बारे में पूछे जाने पर परिवहन आयुक्त आशीष कुंद्रा ने कहा कि प्रदूषण को रोकना सरकार के साथ आम जनता की भी जिम्मेदारी है, जनता भी अपनी जिम्मेदारी समझते हुए अपने वाहन शेयर करे। लोगों को टैक्सी शेयर करनी चाहिए। अगर लोग प्रतिबंधित वाहन लेकर चलते हुए पाए गए तो 20,000 का चालान किया जाएगा।
