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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Oct 31, 2022 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

Delhi NCR Pollution: अभी और जहरीली होगी हवा, इस सप्ताह दिल्ली-एनसीआर में हेल्थ इमरजेंसी जैसे हालात संभव

By sanjeev GuptaEdited By: JP Yadav
Published: Mon, 31 Oct 2022 04:40 PM (IST)Updated: Mon, 31 Oct 2022 06:33 PM (IST)

Delhi NCR Pollution दिल्ली-एनसीआर में लगातार वायु प्रदूषण की स्थिति खराब हो रही है। पराली जलाने के मामले बढ़े हैं ...और पढ़ें

Delhi NCR Pollution: नवंबर के पहले सप्ताह में हवा और जहरीली होने के आसार हैं। फोटो जागरण
Delhi NCR Pollution: नवंबर के पहले सप्ताह में हवा और जहरीली होने के आसार हैं। फोटो जागरण

नई दिल्ली, राज्य ब्यूरो। पंजाब और हरियाणा में पराली जलाने के मामलों में तेजी से इजाफा हो रहा है। मौसमी परिस्थितियों के साथ-साथ दिल्ली-एनसीआर के वायु प्रदूषण में पराली जलाने की हिस्सेदारी 25 प्रतिशत से अधिक हो गई है। यही वजह है कि दिल्ली के साथ-साथ एनसीआर के शहरों में भी शनिवार से ही वायु गुणवत्ता सूचकांक 400 के करीब चल रहा है। कुछ ही इलाके ऐसे हैं, जहां पर एक्यूआइ 400 ने कम, बावजूद इसके यह हालात स्वास्थ्य के लिए खतरनाक है।

नवंबर के पहले सप्ताह में गंभीर हो सकती हवा

मौसम विज्ञानियों के अनुसार, हवाओं की गति थमने के बाद दिल्ली-एनसीआर में लगातार वायु प्रदूषण का स्तर बढ़ता जा रहा है। अब कहा जा रहा है कि लगातार बढ़ रही पराली जलाने की घटनाओं से नवंबर के पहले सप्ताह में ही दिल्ली के साथ-साथ एनसीआर के शहरों की भी हवा गंभीर श्रेणी में पहुंच सकती है। 

दिल्ली-एनसीआर में 400 के पार है AQI

पराली जलाने के मामलों में कमी आने के आसार बेहद कम हैं। ऐसे में दिल्ली-एनसीआर में वायु गुणवत्ता सूचकांक 400 के पार जा सकता है। वायु गुणवत्ता प्रबंधन आयोग के साथ-साथ दिल्ली सरकार और अन्य एजेंसियां भी सतर्क हो गई हैं। हालात यही रहे तो दिल्ली-एनसीआर में हेल्थ इमरजेंसी जैसे हालात बन सकते हैं।

खराब ही बनी रहेगी दिल्ली-एनसीआर की हवा

सफर इंडिया का पूर्वानुमान है कि अभी अगले दो-तीन दिन तक और प्रदूषण से राहत मिलने के आसार नहीं हैं। माना जा रहा है कि पूरे सप्ताह तक दिल्ली-एनसीआर में हालात बदतर रह सकते हैं। सफर के मुताबिक एयर इंडेक्स में कुछ अंकों की आंशिक गिरावट तो हो सकती है, लेकिन इसकी श्रेणी बहुत खराब ही बनी रहेगी।

पराली, हरियाणा और यूपी में 1,916 जगहों पर जली पराली

पंजाब, हरियाणा और उत्तर प्रदेश में पिछले 24 घंटों के दौरान पराली जलाने के 1,916 मामले दर्ज किए गए। पीएम 2.5 के स्तर में पराली के धुएं का असर 26 प्रतिशत रहा, जो इस सीजन में अभी तक का सर्वाधिक है। रविवार को दिल्ली में पीएम 2.5 का स्तर 160 जबकि पीएम 10 का स्तर 274 माइक्रोग्राम प्रति क्यूबिक मीटर रहा।

ज्ञात हो कि बीते पांच छह दिनों के दौरान दिल्ली के प्रदूषण में पराली के धुएं की हिस्सेदारी तेजी से बढ़ी है। दीवाली पह यह पांच जबकि शुक्रवार तक सात प्रतिशत ही थी। शनिवार को 21 प्रतिशत तक पहुंच गई थी। इसके बाद रविवार को पराली के धुएं की हिस्सेदारी 25 प्रतिशत से अधिक हो गई।