नई दिल्ली, एजेंसी। केजरीवाल सरकार के मंत्री सत्येंद्र जैन के मामले में दिल्ली हाईकोर्ट के एक आदेश केा सुप्रीम कोर्ट में चुनौती दी गई है। दरअसल, एक आदेश में दिल्ली हाई कोर्ट ने मानसिक अस्वस्थता के आधार पर आप नेता सत्येंद्र जैन को विधायक और परोक्ष रूप से मंत्री पद के लिए अयोग्य ठहराए जाने वाली मांग संबंधी याचिका को खारिज कर दिया था।

याचिकाकर्ता आशीष कुमार श्रीवास्तव ने वकील निर्मल कुमार और रुद्र विक्रम सिंह के जरिये दाखिल याचिका में कहा है कि दिल्ली सरकार स्पष्ट रूप से संविधान के अनुच्छेद-191(एक)(बी) के प्रविधानों का उल्लंघन कर रही है। यह अनुच्छेद साफ तौर पर कहता है कि अगर कोई व्यक्ति मानसिक रूप से अस्वस्थ है तो वह विधानसभा या विधानपरिषद के सदस्य के रूप में निर्वाचित होने के अयोग्य होगा।

याचिकाकर्ता ने आगे कहा कि दिल्ली के मंत्री (सत्येंद्र जैन) ने ईडी अधिकारियों के समक्ष खुद घोषित किया था कि उनकी याददाश्त चली गई है और इस बारे में एडिशनल सालिसिटर जनरल ने राउज एवेन्यू जिला अदालत के विशेष न्यायाधीश को सूचित भी किया था। इसके बावजूद वह दिल्ली सरकार में मंत्री और विधानसभा के सदस्य बने हुए हैं। याचिका कर्ता ने कोर्ट से अपील करते हुए सत्येंद्र जैन का मंत्री पद से हटाए जाने की मांग की थी।

वहीं, दिल्ली वक्फ बोर्ड में अनियमितता से जुड़े मामले में भ्रष्टाचार विरोधी शाखा (एसीबी) द्वारा छापेमारी के बाद गिरफ्तार किए गए आम आदमी पार्टी के विधायक अमानतुल्लाह खान के करीबी सहयोगी हामिद अली खान को राउज एवेन्यू कोर्ट ने जमानत दे दी है। मेट्रोपालिटन मजिस्ट्रेट स्नेहिल शर्मा ने यह कहते हुए जमानत दे दी कि आगे हामिद से कोई और बरामदगी नहीं की जानी है और मामले में आरोप पत्र या पूरक आरोप पत्र में काफी समय लगेगा।

अदालत ने हामिद को 25 हजार रुपये के निजी मुचलके व इतनी ही राशि के दो जमानती पर जमानत पर रिहा करने का निर्देश दिया।साथ ही हामिद को जांच के संबंध में जांच के अधिकारी के समक्ष पेश होने और गवाहों को प्रलोभन या धमकी न देने का निर्देश दिया।जामिया नगर पुलिस स्टेशन ने हामिद अली के खिलाफ आर्म्स एक्ट के संबंधित प्रावधानों के तहत प्राथमिकी दर्ज की है।छापेमारी के दौरान हामिद के परिसर से अवैध लाइसेंस हथियार के साथ ही 12 लाख रुपये नकद और कुछ कारतूस मिले थे।

Edited By: Pradeep Kumar Chauhan