नई दिल्ली, जागरण संवाददाता। राजधानी दिल्ली में कोरोना संक्रमण के मामले कम होने पर कई तरह की पाबंदिया हटा दी गई हैं, जिससे लोगों को काफी राहत मिली है। लेकिन दिल्ली में अभी तक जिम खोले जाने की अनुमति नहीं मिली है। इससे जिम एसोसिएशन के लोगों के सामने भूखे मरने की नौबत आ गई है।

इसी से नाराज जिम एसोसिएशन के लोगों ने रविवार को दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल के आवास के बाहर प्रदर्शन किया। लोगों ने मांग करते हुए कहा कि दिल्ली में जिम खोले जाने की अनुमति दी जाए। केजरीवाल के आवास के बाहर लोग पोस्टर व बैनर लेकर पहुंचे थे और जिम खोले जाने की मांग को लेकर घंटों तक प्रदर्शन किया। 

करोल बाग के जिम संचालक दीपक चंदेलिया ने कहा कि हम लोग राष्ट्रीय व अंतरराष्ट्रीय खिलाड़ी तैयार करते हैं। दरअसल, दिल्ली आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (डीडीएमए) ने कई सारी पाबंदियों को हटा लिया है। लेकिन, अभी जिम खोलने की अनुमति नहीं दी गई है। जिससे जिम संचालकों में डीडीएमए के फैसले को लेकर नाराजगी जताई है। संचालकों का कहना है कि जिम का खर्च निकालना भी बहुत मुश्किल होता जा रहा है। कई लोग इस परिस्थिति को देखकर जिम से दूरी बना रहे हैं। संचालकों ने बताया कि हालत पहले से बुरे होते जा रहे हैं। परिवार चलाना भी परेशानी का सबब बनता जा रहा है। संचालकों का कहना है कि कई लोग जिम भी बेचने को मजबूर रहे हैं। जिम में हेल्पर, ट्रेनर सबकी हालत खराब हो रही हैं।

दिल्ली जिम एसोसिएशन के अध्यक्ष भूपेंद्र शर्मा ने बताया कि जिम इंडस्ट्री से सीधे तौर पर पांच से छह लाख लोगों का रोजगार जुड़ा हुआ है। दिल्ली में जानी मानी 5500 से अधिक जिम हैं। पाबंदियों के चलते इसमें से 600 से अधिक जिम पूरी तरह से बंद हो गई हैं। इस बार सोचा था कि जैसे सारी चीजें खोली जाएंगी, उसी तरह जिम को भी खोला जाएगा लेकिन नाउम्मीद ही हाथ लगी। यह एक तरह से जिम संचालकों के साथ नाइंसाफी की गई है। नाराज लोगों ने मुख्यमंत्री केजरीवाल के आवास के बाहर जमकर प्रदर्शन किया और नारेबाजी कर अपनी नाराजगी जाहिर की।

Edited By: Pradeep Chauhan