नई दिल्ली [राहुल चौहान]। साढ़े तीन महीने के लंबे इंतजार के बाद रविवार को दिल्ली का चिड़ियाघर पर्यटकों के लिए खोल दिया गया। छुट्टी का दिन होने के कारण बड़ी संख्या में लोग चिड़ियाघर देखने पहुंचे। बारिश भी चिड़ियाघर देखने के उनके उत्साह को कम नहीं कर सकी। चिड़ियाघर को दो पालियों में सुबह आठ से दोपह एक बजे और एक से शाम पांच बजे तक 1500-1500 की संख्या में पर्यटकों के लिए खोला गया।

चिड़ियाघर खुलने के बाद सुबह नौ बजे से ही प्रवेश के लिए लोगों की लंबी-लंबी कतारें लग गईं। अधिकतर लोग परिवार के साथ चिड़ियाघर देखने पहुंचे थे। इस दौरान पर्यटक चिड़ियाघर के अंदर जानवरों को देखकर आनंद के साथ सेल्फी और फोटो लेते नजर आए। इसके साथ ही बच्चे भी उत्साहित दिखे। आनलाइन टिकट लेने में पर्यटकों को असुविधा न हो इसके लिए जगह-जगह क्यूआर कोड छपे हुए बोर्ड लगाए गए थे।

क्यूआर कोड को मोबाइल से स्कैन करके लोग टिकट खरीदकर अंदर प्रवेश कर रहे थे। एक के बाद एक बाड़ी के पास जाकर पर्यटक जानवरों का दीदार कर रहे थे। वहीं, तालाब में नहाते हुए हाथियों को देखकर पर्यटक लुत्फ उठाते दिखे। उल्लेखनीय है कि दिल्ली में कोरोना महामारी और बर्ड फ्लू के कारण एक साल से अधिक समय के लिए बंद करने के बाद चिड़ियाघर एक अप्रैल को फिर से खुला था। फिर दूसरी लहर के दौरान मामलों में वृद्धि के कारण दोबारा 14 अप्रैल से बंद कर दिया गया था।

चिड़ियाघर के निदेशक रमेश पांडे ने कहा कि काफी समय बाद चिड़ियाघर खुला है। हम पर्यटकों की यात्रा को सार्थक बनाने की पूरी कोशिश कर रहे हैं। उन्होंने बताया कि 2020-21 में जनता के लिए बंद रहते हुए चिड़ियाघर में केवल 124 जानवरों की मौत हुई जो पिछले तीन वर्षों में सबसे कम है। चिड़ियाघर में अभी पशुओं की 94 प्रजातियां हैं और 1,162 पशु हैं। महामारी के कारण लंबे समय से जानवरों का आदान-प्रदान नहीं हुआ है।

तीन बजे तक ही बिक गए तीन हजार निर्धारित टिकट

चिड़ियाघर देखने के लिए उमड़ी भीड़ के चलते दोपहर तीन बजे तक ही एक दिन में तीन हजार लोगों के प्रवेश के लिए निर्धारित टिकट बिक गए। इससे तीन बजे के बाद आए पर्यटकों चिड़ियाघर में प्रवेश नहीं मिला। उन्हें मायूस होकर लौटना पड़ा। पर्यटक सुमित ने बताया कि वह तीन बजे के बाद चिड़ियाघर पहुंचे और टिकट के लिए क्यूआर कोड स्कैन किया तो स्लाट फुल दिखा। पूछने पर पता चला कि रविवार को लोगों के प्रवेश की निर्धारित संख्या पूरी हो चुकी है।

लापरवाह दिखे लोग

चिड़ियाघर देखने आए लोगों में कुछ लोग लापरवाह भी दिखे जो बिना मास्क लगाए घूमते नजर आए। साथ ही प्रवेश के लिए कतारों में खड़े पर्यटकों ने भी शारीरिक दूरी का पालन नहीं किया। मैं अपने मम्मी पापा और बुआ के साथ चिड़ियाघर घूमने आई हूं। काफी दिन से चिड़ियाघर खुलने का इंतजार था। मुझे यहां सफेद बाघ, हाथी, शुतुरमुर्ग, मगरमच्छ सहित कई जानवर और पशु-पक्षी देखने को मिले। हम सबने मिलकर खूब मस्ती की।

विधा, जयपुर

मैं दूसरी बार चिड़ियाघर देखने आया हूं। एक बार कोरोना की शुरूआत से पहले आया था। उसके बाद अब आया हूं। यहां घूमने और जानवरों को देखने में काफी मजा आ रहा है। चिड़ियाघर देखने के लिए हम लोग सुबह नौ बजे ही आ गए थे।

निशल, वसंतकुंज

एक अगस्त से चिड़ियाघर खुलने का पता चला। हमने उसी समय आने का प्लान बना लिया था। बच्चे भी काफी समय से इंतजार कर रहे थे। चिड़ियाघर घूमने और जानवरों को देखने में काफी मजा आ रहा है। बच्चे भी जमकर मस्ती कर रहे हैं।

प्रियंका शुक्ला, नोएडा

परिवार के सभी सात सदस्यों के साथ चिड़ियाघर घूमने आया हूं। विभिन्न प्रजातियों के जानवरों और पक्षियों को देखकर काफी अच्छा लगा। तीन घंटे तक चिड़ियाघर घूमा। कई जगहों पर फोटो और सेल्फी लीं। काफी समय के बाद घर से घूमने के लिए निकलना हुआ।

शंकर, महीपालपुर

Edited By: Prateek Kumar