नई दिल्ली, जेएनएन। छावला थाना क्षेत्र के खैरा गांव स्थित कॉरपोरेशन बैंक में हुई डकैती के 24 घंटे के अंदर पुलिस ने दो आरोपियों को धर दबोचा। उनकी पहचान सोनीपत के गांव खेवरा निवासी सचिन उर्फ सतपाल और प्रवेश के रूप में हुई है। बैंक में कैशियर की हत्या के बाद सात बदमाश 3.16 लाख रुपये और गार्ड की बंदूक लेकर फरार हुए थे। पुलिस ने वारदात में इस्तेमाल बाइक, एक पिस्टल और कुछ रकम भी बरामद की, लेकिन कितनी रकम बरामद हुई, इस बाबत अभी कुछ भी नहीं बताया गया है।

जारी है छापेमारी 
अब फरार आरोपी लल्लन शर्मा और सुमित सहित पांच आरोपियों की तलाश के लिए पुलिस की आठ टीमें दिल्ली, हरियाणा, उत्तर प्रदेश में छापेमारी कर रही हैं। द्वारका जिला पुलिस उपायुक्त एंटो अल्फांस ने बताया कि पूरी वारदात सीसीटीवी कैमरे में कैद हो गई थी। फुटेज की मदद से बदमाशों की पहचान होने के बाद अतिरिक्त पुलिस उपायुक्त राजेंद्र सिंह सागर के नेतृत्व में छह टीमों ने दिल्ली व हरियाणा में दबिश दी। इस दौरान मुखबिरों से मिली सूचना के आधार पर सचिन को मुरथल से दबोच लिया गया। उसके बाद शनिवार को उसके साथी प्रवेश को भी गिरफ्तार कर लिया गया। नकाबपोश आरोपियों की पहचान पुलिस के लिए बड़ी चुनौती थी। पुलिस ने 38 अलग-अलग जगहों पर लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगालकर आरोपियों की पहचान की।

38 सीसीटीवी कैमरों की फुटेज से हुई आरोपियों की पहचान
पुलिस के अनुसार, बैंक व आसपास लगे कैमरों की फुटेज से पहचान नहीं हो रही थी। इसलिए बदमाशों के आने के संभावित रास्ते में दो-तीन किलोमीटर के दायरे में लगे कैमरों की फुटेज खंगाली गई, लेकिन सफलता नहीं मिली। इसके बाद पुलिस ने उस रास्ते पर आठ से नौ किलोमीटर तक में लगे कैमरों की फुटेज भी खंगाली, जिस रास्ते से बदमाश भागे थे। इन फुटेज में दिखे बदमाशों के हाव-भाव व हुलिए के आधार पर पुलिस ने तस्वीर जारी की। इस आधार पर पुलिस की एक टीम ने स्थानीय स्तर पर जानकारी एकत्र की और यह कारगर भी साबित हुई।

गार्ड पर किया हमला 
बता दें कि पिस्टल से लैस छह नकाबपोश बदमाश तीन मोटरसाइकिल पर सवार होकर शुक्रवार दोपहर करीब साढ़े तीन बजे कॉर्पोरेशन बैंक के मेन गेट पर पहुंचे। उस समय बैंक में मैनेजर समेत छह कर्मचारी और 10 ग्राहक मौजूद थे। बैंक के गार्ड देव नारायण ने नकाब में बदमाशों को देखकर अंदर जाने से रोका तो उन्होंने लात-घूंसों से पीट दिया। गार्ड ने गोली चलाने की कोशिश की तो बंदूक छीनकर बट से भी वार किया। उनके सिर में गंभीर चोट आई है।

बैंक में चीख-पुकार मच गई
यह देखकर बैंक में चीख-पुकार मच गई। इसके बाद कुछ बदमाशों ने पिस्टल के बल पर सभी को बंधक बनाकर एक तरफ बैठा दिया, जबकि दो बदमाश कैशियर संतोष कुमार के पास पहुंच गए। संतोष ने पैसे देने से इनकार किया तो एक बदमाश ने उनके सीने पर गोली मार दी। यह गोली संतोष के सीने को पार करती हुई बाहर निकल गई और मौके पर ही उनकी मौत हो गई। इसके बाद बदमाश नकदी लेकर फरार हो गए।

एयरफोर्स से सेवानिवृत्त हुए थे संतोष
बदमाशों से भी भिड़े मूलरूप से बिहार के बोधगया निवासी संतोष कुमार एयरफोर्स से सेवानिवृत्त होने के बाद बैंक में नौकरी कर रहे थे। वह पत्नी और दो बच्चों के साथ प्रेम नगर इलाके में रहते थे। शुक्रवार दोपहर वह ग्राहकों को पैसे दे रहे थे, तभी बदमाश दाखिल हुए। अपनी जान की परवाह किए बिना वह बदमाशों से भिड़ गए और बदमाशों को जब लगा कि वे अपने मंसूबे में कामयाब नहीं हो पाएंगे तो संतोष के सीने में गोली मार दी।

एटीम को उखाड़कर ले गए थे बदमाश 
बता दें कि पिछले वर्ष बदमाश इसी बैंक के एटीम को उखाड़कर ले गए थे। उस वक्त एटीएम में करीब 31 लाख रुपये थे। उस समय एटीएम की सुरक्षा के लिए कोई कर्मी नहीं था। बदमाश बकायदा गैस कटर भी अपने साथ लेकर आए थे। वारदात के दौरान बदमाशों ने सीसीटीवी कैमरे पर काले रंग का स्प्रे कर दिया ताकि फुटेज से कुछ भी पता नहीं चले। यहां बदमाशों ने एटीएम को ले जाने के लिए टैंपो का इस्तेमाल किया था। इस मामले में अभी तक एक भी आरोपी को गिरफ्तार नहीं किया जा सका है।  

Posted By: Amit Mishra