नई दिल्ली, जागरण संवाददाता। भारतीय पहलवान बजरंग पूनिया टोक्यो ओलिंपिक में भारत को सोने का पदक दिलाने की क्षमता रखते हैं। सभी देशवासियों को उनसे यही उम्मीद है। इसी कामना को लेकर बजरंग पूनिया के भाई हरेंद्र ने साइकिल मार्केट, चांदनी चौक स्थित नरसिंह हनुमान मंदिर में सोने का मुकुट बजरंगबली जी को अर्पित किया। हरेंद्र के साथ मंदिर के महंत श्रवण कुमार एवं वर्ल्ड पावरलिफ्टिंग चैंपियन गौरव शर्मा भी मौजूद थे। सभी ने बजरंग के अच्छे प्रदर्शन की प्रार्थना की।  

बता दें कि बजरंग पूनिया का परिवार हनुमान भक्त है। पिता और भाई बजरंग बली के दरबार में जाते रहते हैं। इससे पहले अभी हाल में ही पिता बलवान पूनिया सालासर बाला जी महाराज के दरबार में पहुंचे और बेटे के लिए आशीर्वाद मांगा। 

कब चुनौती पेश करेंगे बजरंग पूनिया

पहलवान बजरंग पूनिया 65 किलो फ्रीस्टाइल इवेंट (65kg freestyle event) में 6 अगस्त को अपनी चुनौती पेश करेंगे। 65 किलो फ्रीस्टाइल में सेमी फाइनल और फाइनल मुकाबला 7 अगस्त को खेला जाएगा। बजरंग पूनिया से पूरे देश को पदक की उम्मीद है। परिवार समेत देशवासी इस उम्मीद में है कि वह गोल्ड मेडल जरूर जीतेंगे। 

कौन है बजरंग पूनिया

पहलवान बजरंग पूनिया का जन्म हरियाणा के झज्जर जिले के खुड्डन गांव में 26 फरवरी 1994 को हुआ था। इनके पिता भी कुश्ती के जाने-माने खिलाड़ी हैं। बजरंग पूनिया की शादी दंगल गर्ल बबीता फोगाट की छोटी बहन संगीता फोगाट से हुई है। वह अपने भार वर्ग में अच्छे खिलाड़ी माने जाते हैं। मिली जानकारी के अनुसार, बजरंग पूनिया एकमात्र ऐसे भारतीय हैं जिन्होंने वर्ल्ड रेसलिंग चैंपियनशिप में तीन मेडल जीता है। इसके अलावा एशियन गेम्स में अब तक दो मेडल जीत चुके हैं। वह एशियन चैंपियनशिप में सात मेडल जीत चुके हैं। कॉमनवेल्थ गेम्स में उन्होंने 2018 में गोल्ड जबकि 2014 में सिल्वर मेडल जीता था। इन सब प्रदर्शन को देखते हुए उन्हें पदक का दावेदार माना जा रहा है।

Edited By: Mangal Yadav