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दिल्ली रेस्टोरेंट अग्निकांड में फायर विभाग, MCD और बिजली विभाग पर भी हो कार्रवाई; CTI ने CM रेखा गुप्ता से की मांग

Published: Thu, 04 Jun 2026 12:10 PM (IST)Updated: Thu, 04 Jun 2026 12:11 PM (IST)

मालवीय नगर के हौजरानी होटल में आग से 21 मौतों के बाद, CTI ने दिल्ली सरकार से सभी होटलों, रेस्तरां ...और पढ़ें

मालवीय नगर के हौजरानी स्थित होटल में आग लगने से 21 लोगों की मौत हो गई थी।

मालवीय नगर के हौजरानी स्थित होटल में आग लगने से 21 लोगों की मौत हो गई थी।

HighLights

  1. CTI ने दिल्ली के सभी होटलों की सुरक्षा समीक्षा मांगी।

  2. लापरवाही के लिए फायर, MCD, बिजली अधिकारियों पर कार्रवाई हो।

  3. होटल के पास NOC नहीं थी, नियमों का उल्लंघन हुआ।

जागरण संवाददाता, नई दिल्ली। मालवीय नगर के हौजरानी स्थित होटल में आग लगने से 21 लोगों की मौत के बाद व्यापारियों और उद्यमियों के संगठन चैंबर ऑफ ट्रेड एंड इंडस्ट्री (सीटीआई) ने दिल्ली सरकार से राजधानी के सभी होटल, रेस्तरां, बैंक्वेट हॉल और सिनेमा हॉल की सुरक्षा व्यवस्था की व्यापक समीक्षा कराने की मांग की है।

सीटीआई चेयरमैन बृजेश गोयल ने इस संबंध में मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता को पत्र लिखकर सुरक्षा मानकों को सख्ती से लागू करने की अपील की है। संगठन ने फायर विभाग, एमसीडी और बिजली विभाग के अधिकारियों पर भी कार्रवाई की मांग की है।

निगरानी के बाद भी उल्लंघन पर सवाल

बृजेश गोयल ने कहा कि जिस होटल में आग लगी, उसके पास अग्निशमन विभाग की अनापत्ति प्रमाणपत्र (एनओसी) नहीं थी। साथ ही, छह कमरों की अनुमति होने के बावजूद वहां 25 कमरे संचालित किए जा रहे थे। उन्होंने सवाल उठाया कि संबंधित विभागों की निगरानी के बावजूद नियमों का इतना बड़ा उल्लंघन कैसे होता रहा।

कई विभागों पर लापरवाही का लगाया आरोप

सीटीआई ने मांग की है कि होटल संचालकों के साथ-साथ फायर विभाग, एमसीडी और बिजली विभाग के उन अधिकारियों की जिम्मेदारी भी तय की जाए, जिनकी निगरानी में नियमों का उल्लंघन हुआ। संगठन का कहना है कि ऐसी घटनाओं को केवल संचालकों की लापरवाही मानकर नहीं छोड़ा जा सकता।

मुख्यमंत्री को भेजे गए पत्र में सीटीआई ने होटल, रेस्तरां, बैंक्वेट हॉल और सिनेमा हॉल के लिए आठ प्रमुख सुरक्षा सुझाव भी दिए हैं। इनमें किचन में ऑटोमैटिक फायर सप्रेशन सिस्टम, गैस लीक डिटेक्टर, नियमित एग्जॉस्ट सफाई, एमसीबी और ईएलसीबी आधारित विद्युत सुरक्षा, स्मोक डिटेक्टर, फायर अलार्म, स्प्रिंकलर सिस्टम और पर्याप्त फायर एक्सटिंग्विशर की व्यवस्था शामिल है।

1. किचन में सेफ्टी

  • ऑटोमैटिक किचन फायर सिस्टम: तंदूर, डीप फ्रायर, गैस रेंज के ऊपर लगवाना चाहिए क्योंकि तेल की आग पर पानी नहीं, ये सिस्टम फोम/केमिकल से बुझाता है।
  • एग्जॉस्ट हुड की सफाई: हर 3 महीने में डीप क्लीन। इसमें चिकनाई जमा होकर आग पकड़ लेती है।
  • गैस लीक डिटेक्टर: LPG/PNG लाइन में लगाओ। लीक होते ही अलार्म + ऑटो कट-ऑफ।
  • गीला टॉवल + फायर ब्लैंकेट: हर किचन स्टेशन पर होने चाहिए, छोटे फ्लेम तुरंत दबाने के लिए।

2. बिजली की सेफ्टी

  • MCB + ELCB लगाओ: ओवरलोड/शॉर्ट सर्किट पर बिजली खुद कट जाए।
  • 6 महीने में वायरिंग चेक: पुरानी वायरिंग, लूज कनेक्शन, ओवरलोडेड सॉकेट आग की सबसे बड़ी वजह है।
  • हैवी मशीन की अलग लाइन: डीप फ्रिज, ओवन, AC के लिए होनी चाहिए, एक्सटेंशन बोर्ड से नहीं चलाना चाहिए ।

3. फायर फाइटिंग सिस्टम

  • ABC टाइप फायर एक्सटिंग्विशर: हर 15 मीटर पर होने चाहिए और स्टाफ को चलाना सिखाओ।
  • स्मोक डिटेक्टर + फायर अलार्म: किचन, डाइनिंग, स्टोर, स्टाफ रूम में।
  • स्प्रिंकलर सिस्टम: नए होटल/बड़े रेस्टोरेंट में जरूरी है। NBC रूल के हिसाब से।

4. स्टाफ ट्रेनिंग - सबसे जरूरी

  • महीने में 1 मॉक ड्रिल: आग बुझाना, गैस बंद करना, कस्टमर निकालना।
  • किचन स्टाफ: कभी तेल की आग पर पानी मत डालो। गीला मोटा टाॅवल या फायर ब्लैंकेट से ढको।

5. एग्जिट और इवैकुएशन

  • दो क्लियर एग्जिट: मेन गेट जाम हो तो दूसरा रास्ता हो।
  • इमरजेंसी लाइट: धुएं में भी रास्ता दिखे। बैटरी बैकअप वाली।
  • एग्जिट पर ताला मत लगाओ: स्टोर/किचन के दरवाजे हमेशा खुल सकें।
  • ग्रीन एग्जिट साइन: हर फ्लोर पर लगे हों।

6. डेली चेकलिस्ट

  • दिन खत्म होने पर: गैस मेन वॉल्व बंद, सभी स्विच ऑफ, किचन में ज्वलनशील चीज न छोड़े।
  • सिलिंडर स्टोरेज: किचन से दूर, हवादार जगह। 2 से ज्यादा एक्स्ट्रा सिलेंडर मत रखो।

7. लीगल कंप्लायंस

  • फायर NOC लो: लोकल फायर डिपार्टमेंट से। हर साल रिन्यू कराओ।
  • FSSAI + फायर सेफ्टी ऑडिट: इंश्योरेंस क्लेम में भी काम आता है।

8. सबसे कॉमन गलतियां जो नहीं करनी

  • किचन में दरवाजा बंद करके खाना बनाना - धुआं/गैस फंस जाती है
  • डस्टबिन में जलती सिगरेट/टिश्यू फेंकना
  • डेकोरेशन में ज्वलनशील कपड़ा/थर्माकोल लगाना
  • फायर एक्सटिंग्विशर को कोने में छुपा देना

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