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DU में छात्राओं की सुरक्षा के लिए कड़े कदम, बढ़ाई जाएगी पुलिस निगरानी; आत्मरक्षा प्रशिक्षण पर जोर

Published: Fri, 09 Oct 2026 04:32 PM (GMT+05:30)

दिल्ली विश्वविद्यालय प्रशासन छात्राओं की सुरक्षा बढ़ाने के लिए परिसर में अतिरिक्त स्ट्रीट लाइट, सीसीटीवी कैमरे लगाने और खराब लाइटों को ठीक करने की तैयारी कर रहा है।

प्रतीकात्मक तस्वीर, एआई जेनरेटेड

प्रतीकात्मक तस्वीर, एआई जेनरेटेड

HighLights

  1. परिसर में अतिरिक्त स्ट्रीट लाइट और सीसीटीवी कैमरे लगेंगे।

  2. छात्राओं को सात दिन का आत्मरक्षा प्रशिक्षण मिलेगा।

  3. कॉलेजों और छात्रावासों के पास पुलिस निगरानी बढ़ेगी।

जागरण संवाददाता, नई दिल्ली: दिल्ली विश्वविद्यालय (डीयू) में छात्राओं की सुरक्षा को लेकर प्रशासन ने सख्ती बढ़ाने की तैयारी की है।

परिसर, कॉलेजों, विभागों और छात्रावासों में अंधेरे वाले स्थानों की पहचान कर वहां अतिरिक्त स्ट्रीट लाइट और सीसीटीवी कैमरे लगाए जाएंगे।

आत्मरतक्षा प्रशिक्षण पर जोर

मिली जानकारी के मुताबिक खराब लाइटों को तत्काल ठीक करने के साथ रोशनी रोकने वाले पेड़ों की छंटाई भी की जाएगी। छात्राओं को दिल्ली पुलिस के सहयोग से सात दिन का आत्मरक्षा प्रशिक्षण दिया जाएगा। इसके अलावा जेंडर संवेदनशीलता पर कार्यशालाएं आयोजित की जाएंगी।

महिला सुरक्षा पर तत्काल उठाए जाएंगे कदम

विश्वविद्यालय के प्रॉक्टर के निर्देश पर शुक्रवार को इस संबंध में ऑनलाइन बैठक हुई। इसमें कॉलेजों के प्राचार्य, डीन, निदेशक, विभागाध्यक्ष, छात्रावासों के प्रोवोस्ट, वार्डन और रेजिडेंट ट्यूटर शामिल हुए। बैठक में महिला सुरक्षा से जुड़ी समस्याओं की पहचान कर उनके समाधान के लिए तत्काल कदम उठाने पर चर्चा हुई।

प्रॉक्टर ने दिए निर्देश

प्रॉक्टर ने सभी संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिया है कि वे अपने-अपने परिसर का निरीक्षण कर महिला सुरक्षा से जुड़ी समस्याओं की विस्तृत सूची तैयार करें।

इसमें ऐसे स्थानों की पहचान भी करनी होगी, जहां दृश्यता कम होने के कारण सुरक्षा संबंधी खतरा हो सकता है। सभी अधिकारियों को यह सूची 12 अक्टूबर को शाम पांच बजे तक आनलाइन या कागजी रूप में जमा करनी होगी।

कॉलेजों और छात्रावासों के पास बढ़ेगी पुलिस की मौजूदगी

बैठक में कॉलेजों और छात्रावासों के आसपास पुलिस की निगरानी बढ़ाने का प्रस्ताव भी रखा गया। इसके तहत संवेदनशील स्थानों पर निगरानी दल तैनात करने, पिंक बूथ बढ़ाने और वामिका पुलिस वैन की कार्यप्रणाली को बेहतर बनाने पर चर्चा हुई।

परिसर में महिला सुरक्षा हेल्पलाइन नंबर 1091 और 112 को प्रमुखता से प्रदर्शित करने के निर्देश भी दिए गए।

इमारतों की सुरक्षा की भी होगी जांच

विश्वविद्यालय परिसर, कॉलेजों और छात्रावासों की इमारतों की स्थिति की भी जांच की जाएगी। इसके लिए अधिकारियों को इंजीनियरिंग विभाग के साथ मिलकर भवनों का निरीक्षण करने और तत्काल मरम्मत की जरूरत वाले हिस्सों की जानकारी देने को कहा गया है। विश्वविद्यालय प्रशासन ने बैठक में चर्चा किए गए सुरक्षा उपायों को जल्द लागू करने का आश्वासन दिया है।

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