विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

न बैरिकेड, न मेट्रो बंद... फिर भी फ्लॉप रहा CJP का 'तिरंगा मार्च; इनर सर्किल में ही सिमटे प्रदर्शनकारी 

Published: Fri, 16 Oct 2026 11:44 PM (IST)

राजधानी दिल्ली में काॅकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) का प्रदर्शन एक सप्ताह में दूसरी बार विफल रहा। 'लहरा दो तिरंगा मार्च' ...और पढ़ें

कनॉट प्लेस इनर सर्किल से बाहर नहीं निकल पाए प्रदर्शनकारी। फोटो: आर्काइव

कनॉट प्लेस इनर सर्किल से बाहर नहीं निकल पाए प्रदर्शनकारी। फोटो: आर्काइव

जागरण संवाददाता, नई दिल्ली। राजधानी दिल्ली में एक सप्ताह के भीतर दूसरी बार काकरोच जनता पार्टी (CJP) का प्रदर्शन अपेक्षित रूप से आगे नहीं बढ़ सका।

शुक्रवार को ‘लहरा दो तिरंगा’ मार्च के आह्वान के बीच CJP प्रमुख अभिजीत दीपके को पुलिस ने मार्च से पहले ही हिरासत में ले लिया, जबकि कनॉट प्लेस के इनर सर्किल में जुटे 200 से 250 युवाओं को पुलिस ने वहीं सीमित कर दिया।

मार्च से पहले ही हिरासत में लिए गए अभिजीत दीपके

CJP ने शुक्रवार को ‘लहरा दो तिरंगा’ मार्च का आह्वान किया था। मार्च शुरू होने से पहले ही पुलिस ने CJP प्रमुख अभिजीत दीपके को एनसीपी (शरद पवार गुट) के राष्ट्रीय प्रवक्ता अनीश गावंडे के झंडेवालान स्थित घर से हिरासत में ले लिया।

पुलिस ने सुबह ही अनीश गावंडे के घर पहुंचकर अभिजीत दीपके को नोटिस दिया। इसके बाद उन्हें वहीं एक तरह से नजरबंद कर दिया गया। शाम को जब वह प्रदर्शन में शामिल होने के लिए निकले तो पुलिस ने उन्हें हिरासत में ले लिया।

200-250 युवा पहुंचे, इनर सर्किल से नहीं निकलने दिया

दीपके की हिरासत के बाद कनॉट प्लेस के इनर सर्किल में करीब 200 से 250 युवा जमा हुए। प्रदर्शनकारियों ने तिरंगा मार्च निकालने की कोशिश की, लेकिन पुलिस ने उन्हें इनर सर्किल से बाहर नहीं जाने दिया।

इस दौरान आइसा की राष्ट्रीय अध्यक्ष नेहा बोरा को भी पुलिस ने हिरासत में ले लिया। तिरंगा मार्च के आह्वान को देखते हुए एनडीएमसी ने सेंट्रल पार्क को पहले ही बंद कर दिया था।

प्रदर्शनकारियों में यूट्यूबर भी शामिल थे, जो रील के जरिये लोकप्रियता हासिल करने की कोशिश कर रहे थे। प्रदर्शनकारी इनर सर्किल में ही चक्कर लगाते रहे। भीड़ नहीं बढ़ने पर उनका मनोबल भी कम होता गया और अंधेरा छंटते ही प्रदर्शनकारियों की संख्या घटने लगी।

पिछली बार जंतर-मंतर नहीं पहुंच पाए थे लोग

इससे पहले CJP ने 10 अक्टूबर को जंतर-मंतर पर प्रदर्शन का एलान किया था। उस समय सुरक्षाबलों की भारी तैनाती, मेट्रो स्टेशनों के बंद होने और रेल सेवाओं को सीमित किए जाने के कारण लोग प्रदर्शन स्थल तक नहीं पहुंच पाए थे।

तब अभिजीत दीपके और उनके साथी सौरव दास व आशुतोष रांका को प्रदर्शन से पहले ही हिरासत में ले लिया गया था।

इस बार पुलिस ने बदली रणनीति

शुक्रवार को पुलिस की रणनीति पिछली बार से अलग रही। कड़ी सुरक्षा के बावजूद लोगों को कनॉट प्लेस के इनर सर्किल तक पहुंचने दिया गया।

हालांकि, संख्या सीमित होने को देखते हुए पुलिस ने शुरुआत में उन्हें हिरासत में लेने की कोशिश नहीं की। इसके बजाय प्रदर्शनकारियों को इनर सर्किल तक ही सीमित रखा गया और उन्हें आगे नहीं जाने दिया गया।

सौरव दास और आशुतोष रांका तिहाड़ में

CJP के दो प्रमुख नेता सौरव दास और आशुतोष रांका फिलहाल तिहाड़ जेल में हैं। दोनों के खिलाफ जमानत की शर्तों के उल्लंघन का मामला दर्ज किया गया था।

यह भी पढ़ें- अभिजीत दीपके पर फिर शांति भंग का केस दर्ज करने की तैयारी, बेल बॉन्ड के उल्लंघन पर हो सकते हैं अरेस्ट