राज्य ब्यूरो, नई दिल्ली :

दिल्ली सरकार ने अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (एम्स) के साथ मिलकर दिल्ली में नशे पर वार करने का फैसला लिया है। रविवार को नशीली दवाओं एवं मादक द्रव्यों के सेवन के खिलाफ एक अभियान की शुरुआत भी की गई। इसमें एम्स दिल्ली में नशे से प्रभावित व्यक्तियों को नशामुक्ति और परामर्श देने के लिए नया प्रारूप विकसित करेगा। इस बारे में दिल्ली के महिला एवं बाल विकास मंत्री राजेंद्र पाल गौतम ने कहा कि महिला एवं बाल विकास विभाग के मद्य निषेध निदेशालय के इस अभियान से समाज को वास्तविक लाभ पहुंचाने के लिए सभी आमंत्रित हितधारक संस्थानों में बेहतर समन्वय कायम करना होगा। अब इस कार्यक्रम में अधिक सहयोगात्मक प्रयास का परिणाम समाज के विभिन्न समुदायों-वर्गो के जुड़ाव के रूप में सामने आना चाहिए।

उन्होंने दिल्ली सरकार के महिला एवं बाल विकास विभाग की सचिव मधु के. गर्ग और निदेशक डॉ. रश्मि सिंह को सभी हितधारकों के साथ नियमित अंतराल में बैठकें करने और मादक द्रव्यों तथा शराब के सेवन की समस्या के समाधान के लिए एक विशेषज्ञ समिति गठित करने का सुझाव दिया। उन्होंने इस समस्या के प्रभावी उपाय के लिए इस दिशा में निरंतर और लक्षित प्रयास करने की बात भी कही। इस अवसर पर अभियान में साझीदार सरकारी संगठनों के प्रतिनिधि भी उपस्थित थे। इनमें एम्स के प्रोफेसर अतुल आम्बेकर, मानव व्यवहार एवं संबद्ध विज्ञान संस्थान (इहबास) के डॉक्टर दीपक, दिल्ली राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण (डीएसएलएसए) के गौतम मेनन और क्षेत्रीय संसाधन प्रशिक्षण केंद्र (आरआरटीसी) के डॉक्टर राजेश सम्मिलित थे। स्थापित होंगे न्यायालय परामर्श केंद्र

डीएसएलएसए इस अभियान के तहत दिल्ली के सभी 11 जिला न्यायालयों में परामर्श केंद्रों की स्थापना के साथ इस विषय को लेकर जागरूकता जगाने और समाज को संवेदनशील बनाने की दिशा में कार्य करेगा। बैठक में नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो और दिल्ली पुलिस की अपराध शाखा के प्रतिनिधियों ने मादक द्रव्यों की आपूर्ति को नियंत्रित करने के विषय में अपने अनुभव साझा किए और उनकी रोकथाम के लिए अपनी प्रतिबद्धता दोहराई।

टैक्सी चालकों को किया जाएगा जागरूक

दूसरी योजना के तहत दिल्ली में टैक्सी और कैब चलाने वालों को नींद लेने या गाड़ी चलाने के समय को बढ़ाने के लिए शराब पीने से होने वाले नुकसान को लेकर जागरूक किया जाएगा और उन्हें शराब पीकर वाहन न चलाने के बारे में संवेदनशील बनाया जाएगा।

इंडियन टी20 लीग

डाउनलोड करें जागरण एप और न्यूज़ जगत की सभी खबरों के साथ पायें जॉब अलर्ट, जोक्स, शायरी, रेडियो और अन्य सर्विस