जागरण संवाददाता, बाहरी दिल्ली

स्वरूप नगर इलाके के नत्थूपुरा से सात जनवरी को लापता मासूम आशीष की हत्या के आरोप में पुलिस रिमांड पर चल रहे आरोपी अवधेश ने पूछताछ में बताया कि आशीष उसके बारे में गहरा राज जानता था, आशीष परिजनों से इस राज के बारे में न बता दे, इसी वजह से अवधेश ने उसका अपहरण कर हत्या कर दी थी।

पुलिस सूत्रों के मुताबिक लापता होने से कुछ दिन पूर्व आशीष ने आरोपी को एक महिला के साथ आपत्तिजनक स्थिति में देख लिया था। पूछताछ में उसने बताया कि उसने आशीष को प्रलोभन देकर इस बारे में किसी से कुछ भी बताने से मना किया था, लेकिन उसे हमेशा इस बात की ¨चता थी कि कहीं मासूम इस राज को सार्वजनिक न कर दे। यही कारण रहा कि उसने साइकिल दिलाने के बहाने बुलाकर आशीष को मौत के घाट उतार दिया।

हालांकि पुलिस की जांच में यह बात भी सामने आ रही है कि वह एक तीर से दो शिकार करने की फिराक में था। आशीष की हत्या कर जहां उसने राज को दफन कर दिया था तो वहीं शव को ठिकाने लगाने के बाद वह उसके परिजनों से फिरौती मांगने की योजना भी बना रहा था।

पूछताछ में अब तक मामले में किसी और की संलिप्तता सामने नहीं आई है। पुलिस ने उसके कमरे से दस सिम कार्ड, लैपटॉप, किताबें, मोबाइल आदि बरामद कर लिया है। पुलिस ने उसके साथ रह चुकी पूणे की एक युवती से भी पूछताछ की है। इस युवती को उसने मारपीट कर भगा दिया था।

नेपाल भागने की फिराक में था आरोपी

परिजनों ने अवधेश पर शक जाहिर किया था,आरोपी शव को ठिकाने भी नहीं लगा सका था। ऐसे में उसे पकड़े जाने का डर पैदा हो गया था। यही कारण था कि उसने मामले के संज्ञान में आने से चार पांच दिन पूर्व कमरे को खाली कर नेपाल भागने की योजना बना ली थी। उसका इरादा उत्तराखंड होते हुए नेपाल जाने का था।

By Jagran