नई दिल्ली। मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने आशंका जताई है कि दिल्ली सरकार को गिराने की कोशिश की जा सकती है। उन्होंने विधानसभा में आइबी के एक अधिकारी के हवाले से दावा किया कि हिमाचल प्रदेश की सरकार गिराने के बाद केंद्र सरकार दिल्ली सरकार को गिराना चाहती है।

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उन्होंने अधिकारी से मिली खुफिया जानकारी साझा करते हुए कहा कि जो साजिश रची जा रही है, उसके अनुसार दिल्ली में 21 संसदीय सचिवों (विधायकों) को पहले बर्खास्त किया जाएगा। इसके बाद 23 विधायकों को खरीदने की कोशिश की जाएगी, जिसके लिए देश के बड़े उद्योगपति को जिम्मेदारी दी गई है।

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केजरीवाल ने भाजपा को चुनौती देते हुए कहा कि वह दिल्ली में 23 क्या एक विधायक को भी नहीं खरीद सकती है। 49 दिन की सरकार के बाद भाजपा जब दोबारा सरकार बनाने की कोशिश कर रही थी, उस समय वह चार विधायकों को तो खरीद नहीं पाई थी 23 विधायकों को कैसे खरीदेगी।

केजरीवाल ने उत्तराखंड में राष्ट्रपति शासन लगाए जाने पर नैनीताल हाईकोर्ट के फैसले को लेकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री ने लोकतंत्र की हत्या करके पहले अरुणाचल प्रदेश में फिर उत्तराखंड में राष्ट्रपति शासन लगा दिया। केंद्र सरकार दिल्ली में भी यही करना चाहती है।

विधानसभा में उपरायपाल के अभिभाषण पर धन्यवाद प्रस्ताव के दौरान बोलते हुए केजरीवाल ने कांग्रेस पर निशाना साधा। उन्होंने कांग्रेस को भ्रष्टाचारी के साथ अहंकारी भी कहा। केजरीवाल ने कहा कि वर्ष 2011 में कांग्रेस के नेता मनीष तिवारी ने अन्ना हजारे की खिल्ली उड़ाई थी।

इसके कुछ दिन बाद ही उन्हें केंद्र की तत्कालीन कांग्रेस सरकार ने गिरफ्तार कराया था। यह सब कांग्रेस नहीं करती, हमारे कहने पर भ्रष्टाचार की जांच कराती तो न ही आम आदमी पार्टी बनती और न ही हम विधानसभा में होते। उस समय कांग्रेस का अहंकार बोल रहा था। यह अहंकार सात साल में आया था, लेकिन भाजपा की केंद्र सरकार में यही अहंकार दो साल में आ गया है। सरकारें गिराई जा रही हैं।

पाकिस्तान से हाथ मिलाकर दिया जा रहा है धोखा

केजरीवाल ने कहा कि पाकिस्तान से हाथ मिलाकर देश को धोखा दिया जा रहा है। समझ में नहीं आ रहा कि मोदीजी को क्या हो गया है। उन्होंने पाकिस्तान के सामने घुटने टेक दिए हैं। कोई कहता है कि मोदीजी शांति का नोबेल पुरस्कार लेने के लिए देश का अपमान कर रहे हैं, कोई कहता है कि मोदीजी और पाकिस्तान के प्रधानमंत्री के बीच कुछ साठगांठ है। कुछ न कुछ तो है।

अचानक ऐसा क्या हो गया कि पाकिस्तान में बैठे हाफिज और सलाउद्दीन जैसे आतंकियों को पकड़ने के लिए कार्रवाई न कर आइएसआइ को पठानकोट मामले की जांच के लिए बुलाया गया। हमारी आर्मी और सीबीआइ को जांच के लिए पाकिस्तान क्यों नहीं भेजा गया। क्या सीबीआइ सिर्फ हमारे खिलाफ जांच के लिए है। जो कुछ हो रहा उससे हमारी सेना और पुलिस का खून खौल रहा है।


पाकिस्तान ने देश में कराए हमले

केजरीवाल ने कहा कि पाकिस्तान ने देश में हमले कराए हैं। संसद हमला, दिल्ली में हुए हमले, अक्षरधाम मंदिर हमला, 26 /11 और कुछ दिन पहले पठानकोट हमला। हमारे सैनिक और नागरिक मारे गए हैं। हम कैसे भूल सकते हैं।

पठानकोट हमले के सुबूत भारत सरकार ने पाकिस्तान को दिए थे। हम संयुक्त राष्ट्र तक कहते रहे हैं कि पाकिस्तार हमारे यहां हमले करा रहा है। फिर हम सब यह कैसे भूल सकते हैं। हमारे यहां हमला कराने वाली आइएसआइ स्वयं जांच करने आई है।


आइपीएस मोनिका भारद्वाज की तारीफ

केजरीवाल ने डॉ. पंकज नारंग की हत्या की घटना को निंदनीय करार दिया है। उन्होंने कहा कि ऐसी घटना को बर्दाश्त नहीं किया जा सकता है। कुछ लोग इस मामले को हिंदूू-मुस्लिम का रंग देना चाहते थे, लेकिन आइपीएस मोनिका भारद्वाज ने समय रहते सचाई जनता के सामने रख दी। इससे लोगों में गलत जानकारी नहीं गई।

Posted By: JP Yadav

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