नई दिल्ली, आनलाइन डेस्क। 

भारत और साउथ अफ्रीका के बीच तीन टेस्ट मैचों की सीरीज का निर्णायक मुकाबला केप टाउन में खेला जा रहा है। पहले दिन टास जीतकर बल्लेबाजी करने उतरी भारतीय टीम 223 रन पर आलआउट हुई। दूसरे दिन के खेल में जसप्रीत बुमराह की शानदार गेंदबाजी के दम पर मेजबान को 210 रन पर ढेर कर भारत ने 13 रन की बढ़त हासिल की। दूसरे दिन का खेल खत्म होने के वक्त भारत ने 2 विकेट पर 57 रन बनाए थे। पहली पारी के आधार पर टीम के पास 70 रन की बढ़त थी। चेतेश्वर पुजारा 9 जबकि कप्तान विराट कोहली 14 रन बनाकर खेल रहे थे। 

भारत की दूसरी पारी, मयंक आउट 

13 रन की अहम बढ़त हासिल करने के बाद दूसरी पारी में बल्लेबाजी करते हुए भारत को पहला झटका मयंक  अग्रवाल के रूप में लगा। 7 रन बनाकर वह रबादा की गेंद पर एल्गर को कैच दे बैठे। इसके बाद जेनसन ने केएल राहुल को 10 रन पर मारक्रम को हाथों कैच करवाया। 

दक्षिण अफ्रीका की पहली पारी 210 रन पर सिमटी

दक्षिण अफ्रीका की शुरुआत अच्छी नहीं रही। कप्तान डीन एल्गर तीन रन बनाकर जसप्रीत बुमराह की गेंद पर आउट हुए। तब टीम का स्कोर 10 रन था। दिन का खेल खत्म होने तक दक्षिण अफ्रीका ने एक विकेट पर 17 रन बना लिए थे और पहली पारी के आधार पर 206 रन पीछे थी। एडन मार्कराम आठ और केशव महाराज छह रन बनाकर खेल रहे थे। दूसरे दिन का खेल शुरू होते ही बुमराह ने दूसरी ही गेंद पर मारक्रम को चलता कर दिया। वह सिर्फ आठ रन बना सके। केशव महाराज को उमेश यादव ने 25 रन पर चलता किया। 

लंच के बाद उमेश यादव ने 21 रन के स्कोर पर वान डेर डुसेन को विराट कोहली के हाथों कैच करवाया। बवूमा को मोहम्मद शमी ने 28 रन के स्कोर पर विराट कोहली के हाथों कैच करवाया। इसके ठीक बार कायले वरेने को शमी ने विकेट के पीछे रिषभ पंत के हाथों कैच करवाया। मार्को जेनसन को 7 रन के स्कोर पर बुमराह ने क्लीन बोल्ड किया। 72 रन पर बल्लेबाजी कर रहे पीटरसन को बुमराह ने पुजारा के हाथों कैच करवा भारत को बड़ी कामयाबी दिलाई। इसके बाद रबादा और फिर नगीदि का विकेट गिरने के साथ ही पहली पारी सिमट गई। 

भारत की बल्लेबाजी, कोहली ने दिखाया संयम

भारतीय कप्तान विराट कोहली (79) ने कैगिसो रबादा समे दक्षिण अफ्रीका के तेज गेंदबाजों का डटकर सामना किया, जिससे टीम दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ मंगलवार को यहां तीसरे और अंतिम टेस्ट के शुरुआती दिन 200 के पार पहुंचने में सफल रही। पीठ में दर्द के कारण पिछले टेस्ट में नहीं खेलने वाले कोहली यहां शतक नहीं लगा पाए लेकिन उन्होंने टीम को 223 रन पर पहुंचा दिया। भारत ने टास जीतकर पहले बल्लेबाजी का फैसला किया। सुबह के सत्र में भारत ने अपने दोनों सलामी बल्लेबाजों को जल्दी गंवा दिया।

इसके बाद कोहली उतरे। 15 गेंद खेलने के बाद उन्होंने शानदार कवर ड्राइव से खाता खोला। उन्होंने दोपहर के सत्र में मार्को जेनसेन पर एक और खूबसूरत कवर ड्राइव लगाया। इसके अलावा उन्होंने रबादा की गेंद पर एक छक्का भी जड़ा। रबादा ने अपने सात ओवर के स्पेल में कहर बरपाया, लेकिन कोहली ने उतने ही संयम और अनुशासन से उनका डटकर सामना किया।

कोहली और पुजारा ने संभाला 

भारत का स्कोर एक समय दो विकेट पर 33 रन था। कोहली और पुजारा ने पारी को संभाला। पुजारा कसी गेंदों को छोड़ने में काफी सक्रिय रहे। कोहली को खाता खोलने में 15 गेंद लगी। दोनों बल्लेबाजों ने तीसरे विकेट के लिए 62 रनों की साझेदारी की। भारतीय टीम ने दूसरे सत्र में चेतेश्वर पुजारा (43) और अजिंक्य रहाणे (09) के विकेट गंवाकर 66 रन जोड़े। पुजारा जेनसेन की खूबसूरत गेंद का शिकार हुए। राउंड द विकेट से अंदर आकर कोण लेती गेंद पुजारा के बल्ले का बाहरी किनारा लेती हुई विकेटकीपर के हाथों में चली गई।

रहाणे कुछ खास नहीं कर सके। एक तरफ से विकेट गिरते जा रहे थे और दूसरी तरफ विराट छोर संभाले थे। रबादा की गेंद चौथे-पांचवें स्टंप के बीच गिरी। गुड लेंथ गेंद टिप्पा खाकर बाहर निकली। कोहली उस पर सिंगल लेना चाहते थे लेकिन गेंद बल्ले का बाहरी किनारा लेकर विकेटकीपर के दस्तानों में चली गई। 211 रनों के कुल योग पर नौ विकेट के तौर पर वह आउट हुए।

Edited By: Tanisk