नई दिल्ली, जेएनएन। आइपीएल 2019 का अंत मुंबई इंडियंस और चेन्नई सुपर किंग्स के बीच हुए रोमांचक मुकाबले के साथ हुआ। हैदराबाद के राजीव गांधी स्टेडियम में खेले गए इस मैच में मुंबई ने चेन्नई को सिर्फ एक रन से हराकर इतिहासिक जीत हासिल की। मुंबई ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 149 रन का छोटा लक्ष्य बनाया। जिसका पीछा करना शायद चेन्नई के लिए इतना मुश्किल नहीं होता जितना बन गया। पूरा मैच काफी उतार चढ़ाव भरा रहा। मैच में यह साफ नहीं हो पा रहा था कि आखिर जीत किसकी होगा। फैसला आखिरी बॉल पर हुआ और मुंबई चौथी बार चैंपियन बनने में सफल हुई। 

इस सीजन की सभी टीमों में कुछ ऐसे खिलाड़ी जरूर थे जिनका पूरे सीजन शानदार प्रदर्शन रहा। कई ऐसे भी खिलाड़ी रहे जिन्होंने अकेले दम पर टीम को जीत दिलवाई। हम बात कर रहे हैं ऐसे 11 खिलाड़ियों की जो अगर एक टीम में शामिल हो तो दुनिया की किसी भी टीम को शिकस्त दे सकते हैं।

1. डेविड वॉर्नर (SRH)

एक साल के बैन के बाद डेविड वॉर्नर की आइपीएल के साथ क्रिकेट में धमाकेदार वापसी हुई। वॉर्नर ने अपनी तूफानी बल्लेबाजी से सनराइजर्स हैदराबाद को हर मैच में शानदार शुरुआत दी। वॉर्नर ने टीम की बैटिंग लाइन में एक लीडर की भूमिका निभाई। वॉर्नर को भले ही बीच सीजन में वर्ल्ड कप की तैयारियों के लिए देश वापस लौटना पड़ा लेकिन इसके बावजूद वह टॉप स्कोरर रहे और उन्हें अंत में ऑरेंज कैप से नवाजा गया। उन्होंने 12 मैचों में 69.20 की औसत से कुल 692 रन जोड़े। जिसमें एक शतक और 8 अर्धशतक शामिल हैं।   

2. शिखर धवन (DC)

दिल्ली कैपिटल्स में धवन की मौजूदगी ने टीम को आत्मविश्वास दिया। धवन ने हर बार टीम को मजबूत शुरुआत दी। दिल्ली की युवा टीम में धवन ने एक अनुभवी और अंतरराष्ट्रीय सीनीयर खिलाड़ी का अहम रोल निभाया, जिसकी मदद से दिल्ली 7 साल बाद प्लेऑफ में जगह बना सकी। धवन दिल्ली की तरफ टूर्नामेंट के टॉप स्कोरर भी रहे। उन्होंने 16 मैचों में 34.73 की औसत से 521 रन बनाए। यहां तक कि उन्होंने दिल्ली के फिरोजशाह कोटला की मुश्किल पिच पर भी अच्छी बल्लेबाजी की।  

3. केएल राहुल (KXIP)

केएल राहुल ने इस सीजन पंजाब को अच्छी शुरुआत दी और कई मैचों में अकेले दम पर जीत दिलाई। राहुल ने 14 मैचों में 53.90 की औसत से 593 रन बनाए। जिसमें एक शतक और 6 अर्धशतक शामिल हैं। 

4. श्रेयस अय्यर (DC)

दिल्ली कैपिटल्स के युवा कप्तान श्रेयस अय्यर अगुवाई करते हुए टीम को नॉकआउट दौर तक ले गए। उनकी कप्तानी की गई दिग्गजों ने काफी तारीफ भी की। वह इस सीजन बल्ले से भी प्रभाव छोड़ने में सफल रहे। अय्यर ने 16 मैचों में 30.86 की औसत से 463 रन बनाए। वह सीजन के टॉप बल्लेबाजों में 9वें स्थान पर हैं।

5. एम एस धौनी (CSK)

 

चेन्नई सुपर किंग्स की तरफ से बल्लेबाजों में सिर्फ कप्तान धौनी ही ऐसे खिलाड़ी रहे जिन्होंने लगातार अच्छा प्रर्दशन किया। धौनी ने कई मौकों पर अकेले दम पर आखिरी ओवर में आकर टीम को जीत दिलाई। धौनी चेन्नई की तरफ से टॉप स्कोरर रहे। धौनी ने इस सीजन 11 पारियों में 103.50 की औसत से 414 रन बनाए। जिसमें 3 अर्धशतक शामिल हैं। इसके अलावा आइपीएल में बतौर विकेट कीपर धौनी ने अभी तक सबसे ज्यादा डिस्मिसल किए हैं। कमजोर बल्लेबाजी के बावजूद वो धौनी की चतुर कप्तानी ही थी जिसने चेन्नई को फाइनल तक का पहुंचाया।   

6. आंद्रे रसेल (KKR)

इस कैरिबियाई ऑलराउंडर का इस सीजन में जबरदस्त कहर रहा। रसेल का खौफ सभी टीमों में देखा गया। रसेल ने अकेले दम पर टीम को लगभग सभी मैच जिताए। रसेल की खास बात यह रही कि वह 15 ओवर के बाद बल्लेबाजी करने उतरते थे और उसके बावजूद अपनी तूफानी बल्लेबाजी से मैच छीन ले जाते थे।  रसेल ने 13 पारियों में 56.66 की औसत से 510 रन बनाए जिसमें, 52 छक्के भी शामिल हैं। वह सीजन के 5वें सबसे ज्यादा रन बनाने वाले बल्लेबाज हैं। इसके अलावा उन्होंने 11 विकेट भी चटकाए।

7. हार्दिक पंड्या (MI)

मुंबई के ऑलराउंडर हार्दिक पंड्या ने इस सीजन में कई शानदार पारियां खेली। इस सीजन पंड्या ने 17 गेंदो में सबसे तेज फिफ्टी भी लगाई। आईपीएल 2019 में हार्दिक ने 16 मैचों में 4.66 की औसत से 402 रन बनाए। वह मुंबई की ओर से चौथे सबसे ज्यादा रन बनाने वाले बल्लेबाज हैं।

8. श्रेयस गोपाल (RR)

राजस्थान रॉयल्स के लिए इस सीजन कुछ अच्छा हुआ तो वह बस श्रेयस गोपाल के जरिए ही हुआ। इस 25 साल के गेंदबाज ने अकेले दम पर दूसरी टीम के बल्लेबाजों को अपनी लेग स्पिन से परेशान किया। राजस्थान की ओर से श्रेयस सबसे ज्यादा विकेट लेने वाले खिलाड़ी हैं। उन्होंने 14 मैचों में 7.22 की इकोनॉमी के साथ 20 विकेट झटके। वह सीजन के टॉप गेंदबाजों में चौथे नम्बर पर हैं। इस सीजन उनकी यादगार स्पेल RCB के खिलाफ ली गई हैट्रिक रही। श्रेयस ने बैंगलोर के टॉप-3 बल्लेबाजों विराट कोहली, एबी डिविलियर्स और मार्कस स्टॉइनिस को चलता किया था।

9. इमरान ताहिर (CSK)

इस सीजन इमरान ताहिर चेन्नई के कप्तान धौनी के लिए सबसे अहम खिलाड़ी रहे। ताहिर ने 6.69 की गजब की इकोनॉमी के साथ लगातार विकेट चटकाए हैं। उन्होंने चेपॉक की पिच का पूरा फायदा उठाते हुए आंद्रे रसेल, रिषभ पंत और केन विलियमसन जैसे खतरनाक बल्लेबाजों को बड़ा स्कोर खड़ा करने से रोका। इस 40 साल के CSK के स्टार गेंदबाज ने साबित किया कि उम्र एक नम्बर के सिवा और कुछ नहीं है। 17 मैचों में 6.69 की इकोनॉमी के साथ 26 विकेट लेने वाले ताहिर सीजन के टॉप गेंदबाज भी रहे। 

10. कागिसो रबाडा (DC)

इस दक्षिण अफ्रीकी के युवा गेंदबाज रबाडा अपनी जादुई गेंदबाजी से बल्लेबाजों को परेशान करने में कामयाब रहे। उनकी लगातार अच्छी परफॉर्मेंस का असर दिल्ली के बाकी गेदंबाजों पर भी पड़ा। रबाडा की गेंदाबाजी शुरुआती और डेथ ओवर्स में कारगर रही। खासकर केकेआर के खिलाफ सुपरओवर में रबाडा सिर्फ 11 रनों का बचाव करने में सफल रहे। उन्होंने सुपर ओवर में आंद्रे रसेल जैसे घातक बल्लेबाज को अपनी योर्कर से चलता किया। 25 विकेटों के साथ रबाडा आइपीएल फाइनल से पहले तक सीजन में सबसे ज्यादा विकेट झटकने वाले गेंदबाज थे। लेकिन फाइनल मुकाबले के बाद इमरान ताहिर ने उनसे टॉप स्थान छीन लिया। 

11.जसप्रीत बुमराह (MI)

बुमराह ने इस टूर्नामेंट में एक बार फिर साबित किया कि आखिर उन्हें वर्ल्ड्स बेस्ट क्यों कहा जाता है। बुमराह डेथ ओवर के सबसे गजब के गेंदबाज हैं। दिल्ली के खिलाफ खराब शुरुआत के बाद बुमराह ने RCB के खिलाफ जोरदार वापसी की। फिर सनराइजर्स हैदराबाद के खिलाफ सुपर ओवर में बुमराह ने 4 गेंदों में ही पारी खत्म कर दी। यहां तक की फाइनल मुकाबले में भी बुमराह ने 4 ओवर में सिर्फ 12 रन दिए और दो विकेट भी लिए।  

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Posted By: Ruhee Parvez