नई दिल्ली। आइपीएल फिक्सिंग मामले में गुरुवार को सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई की गई। सुनवाई के दौरान सुप्रीम कोर्ट मुद्गल कमेटी रिपोर्ट पर बेहद सख्त नजर आई। सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि आखिरकार चेन्नई सुपर किंग्स की फ्रेंचाइजी क्यों नहीं रद्द की जाए और बीसीसीआइ से सवाल किया कि वो सीएसके की फ्रेंचाइजी को रद्द क्यूं नहीं कर रही है। आखिरकार बीसीसीआइ सीएसके का बचाव क्यों कर रही है। सुप्रीम कोर्ट के इस तेवर से बीबीसीआइ की मुश्किलें बढ़ती दिख रही है। इस सुनवाई में साफ तौर पर सुप्रीम कोर्ट ने बीसीसीआइ से कहा कि अगर आपको दस दिन का वक्त दिया जाए तो आप सीएसके के खिलाफ क्या कार्रवाई करेंगे?

मामले की सुनवाई में सुप्रीम कोर्ट ने गुरुनाथ मयप्पन के रोल पर सवाल उठाते हुए कहा कि टीम मैनेजमेंट की तरफ से बेशक ये कहा गया हो कि वो टीम के मालिक नहीं हैं मगर मालिक नहीं होते हुए भी टीम पर उनकी पकड़ थी। सुप्रीम कोर्ट ने गुरुनाथ मयप्पन के रोल पर सवाल उठाते हुए कहा कि पूरे मामले में उनकी भूमिका संदिग्ध है। इसके अलावा सुप्रीम कोर्ट ने ये भी पूछा कि इंडिया सीमेंट कंपनी के बोर्ड ऑफ डायरेक्टर में कौन-कौन शामिल हैं साथ ही श्रीनिवासन और उसके परिवार के इसमें कितने शेयर हैं। कोर्ट ने कहा कि वो जानना चाहती है कि सीएसके के असली मालिक कौन-कौन हैं साथ ही सुप्रीम कोर्ट ने इंडिया सीमेंट कंपनी का रिकॉर्ड भी मांगा है।

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Posted By: sanjay savern