जागरण संवाददाता, अमरोहा। भारतीय क्रिकेट टीम के तेज गेंदबाज मुहम्मद शमी पर उनकी पत्नी हसीन जहां की ओर से लगाए गए संगीन आरोपों की जहां पुलिस पड़ताल कर रही है। वहीं इस बीच यह बात भी सामने आई है कि शमी के प्रॉपर्टी में निवेश को लेकर दोनों में मनमुटाव करीब दो साल से चल रहा था। ऐसा शमी के तहेरे भाई अंसार अहमद का कहना है।

उन्होंने बताया कि इसमें मुख्य रूप से 150 बीघे का एक फार्म हाउस है, जो शमी के नाम पर है। हाईवे किनारे अपने गांव सहसपुर अलीनगर के पास खरीदी गई इस करोड़ों रुपये की जमीन को हसीन अपने नाम कराना चाहती थीं। इतना ही नहीं वह शमी पर लगातार दबाव बना रही थीं कि वह अमरोहा में नहीं बल्कि कोलकाता में प्रॉपर्टी में पैसा निवेश करें। अब यही प्रॉपर्टी विवाद की जड़ मानी जा रही है।

शमी ने वर्ष 2014 में कोलकाता की रहने वाली हसीन जहां से शादी की थी। शमी अधिकांश समय कोलकाता में ही रहते थे। इसका कारण उनकी पत्नी का परिजनों के साथ तालमेल न होना बताया जा रहा है। हालांकि वह समय-समय पर सहसपुर अलीनगर स्थित अपनी ससुराल आती रहती थीं। शमी ने वर्ष 2015 में गांव के पास हाईवे किनारे 150 बीघा जमीन खरीदी थी। इसकी रजिस्ट्री उन्होंने अपने नाम कराई थी और उसे फार्म हाउस के रूप में तब्दील कर पत्नी हसीन जहां के नाम पर ही 'हसीन फार्म हाउस' नाम रखा था।

वर्तमान में इस जमीन की कीमत करोड़ों में पहुंच गई है। हसीन जहां इस जमीन को अपने नाम कराना चाहती थीं। जबकि शमी इस पर क्रिकेट को बढ़ावा देने के लिए अकादमी खोलने की तैयारी में थे। यहीं से दोनों के बीच मनमुटाव शुरू हो गया था। इसे शमी समझा-बुझा कर शांत करते आ रहे थे। अंसार के अनुसार हसीन शमी पर यह दबाव बनाने लगीं कि यदि वह प्रॉपर्टी में पैसा लगाना चाहते हैं तो अमरोहा की बजाय कोलकाता में लगाएं। उनका कहना है कि हमेशा खुश दिखने वाली हसीन जहां प्रॉपर्टी को लेकर ऐसा विवाद कर सकती हैं, ऐसी उम्मीद नहीं थी।

क्रिकेट की खबरों के लिए यहां क्लिक करें

खेल की खबरों के लिए यहां क्लिक करें

Posted By: Sanjay Savern