नई दिल्ली, [जागरण स्पेशल]। एजबेस्टन टेस्ट में विराट कोहली एंड कंपनी को 31 रन से हार का वार झेलना पड़ा। इंग्लैंड की धरती पर भारत की ये सबसे करीबी हार रही। इस जीत के साथ ही इंग्लैंड ने अपने 1000वें टेस्ट मैच को यादगार तो बनाया ही साथ ही साथ पांच टेस्ट की श्रृंखला में 1-0 की बढ़त भी बना ली। टीम इंडिया की इस बार के बावजूद भारतीय कप्तान ने कई सारे विराट रिकॉर्ड तो अपने नाम कर ही लिए।

कोहली ने सचिन-द्रविड़ को छोड़ा पीछे

पहले टेस्ट मैच की पहली पारी में 149 रन की पारी खेलकर विराट कोहली ने न सिर्फ इंग्लैंड में अपना पहला टेस्ट शतक जमाया बल्कि दुनिया को ये भी दिखा दिया कि उनके सामने चुनौती जितनी कठिन होगी वो खुद को उससे बेहतर तरीके से तैयार करेंगे। दूसरी पारी में भी विराट ने 51 रन की पारी खेली और भारत को लक्ष्य के इतने करीब पहुंचाने में अहम भूमिका निभाई। आपको बता दें कि इससे पहले इंग्लैंड में कोहली का सर्वश्रेष्ठ रिकॉर्ड सिर्फ 39 रन था और एजबेस्टन टेस्ट की दोनों पारियों में भारतीय कप्तान ने अपने उस बेस्ट स्कोर को पीछे छोड़ा। इन दोनों पारियों को मिला दें को कोहली ने 200 रन बनाए। इसी के साथ वो किसी एक टेस्ट में सर्वाधिक 11 बार 200 रन बनाने वाले भारतीय बन गए। इस मामले में कोहली ने पूर्व भारतीय कप्तान राहुल द्रविड़ और सचिन तेंदुलकर का रिकॉर्ड तोड़ दिया, जिन्होंने 10 बार एक टेस्ट में 200 रन बनाए थे।

लारा और पॉन्टिंग को भी छोड़ा पीछा

एक टेस्ट मैच की दोनो पारियों में मिलाकर 200 रन बनाने के मामले में कोहली बतौर कप्तान भी सबसे आगे निकल गए हैं। उन्होंने बतौर भारतीय कप्तान 36 टेस्ट मैच में नौ बार ये कमाल किया है। कोहली के बाद ये कमाल सबसे ज़्यादा बार वेस्टइंडीज़ के पूर्व दिग्गज खिलाड़ी ब्रायन लारा ने 47 टेस्ट में सात बार किया था। उनके बाद नाम आता है रिकी पॉन्टिंग का। इस ऑस्ट्रेलियाई दिग्गज ने 77 टेस्ट में सात बार कुल मिलाकर 200 या उससे ज्यादा रन बनाए थे। उनके बाद इस लिस्ट में नाम आता है सर डॉन ब्रेडमैन का। उन्होंने 24 टेस्ट मैच में 6 बार कुल मिलाकर 200 रन बनाए थे।  

ऐसे करने वाले छठे भारतीय बने कोहली

विराट कोहली ने इस टेस्ट मैच की दोनो पारियों में 50 से ज़्यादा रन बनाए। इसके साथ ही बाकी का कोई भी भारतीय बल्लेबाज़ 49 रन तक के आंकड़े तक भी नहीं पहुंच सका। विराट कोहली ऐसा करने वाले छठे भारतीय बल्लेबाज़ बन गए हैं जब एक खिलाड़ी ने टेस्ट मैच की दोनों पारियो ंमें 50 से ज़्यादा रन बनाए और बाकी के बल्लेबाज़ 49 रन तक भी नहीं पहुंच सके।

ऐसे करने वाले अन्य भारतीय खिलाड़ी

दिलीप वेंगसरकर- 61 और 102* रन- बनाम इंग्लैंड- 1986

सचिन तेंदुलकर- 116 और 52 रन- बनाम ऑस्ट्रेलिया- 1999

सचिन तेंदुलकर-76 और 65 रन- बनाम ऑस्ट्रेलिया- 2001

राहुल द्रविड़- 81 और 68 रन- बनाम वेस्टइंडीज़- 2006

एम एस धौनी- 77 और 74 रन- बनाम इंग्लैंड- 2011

विराट कोहली- 149 और 51 रन- बनाम इंग्लैंड-2018

इंग्लैंड में मिली सबसे करीबी हार

टीम इंडिया को 31 रन से मिली ये हार इंग्लैंड की धरती पर भारत की सबसे करीबी हार रही। वहीं अगर ओवरऑल रिकॉर्ड की बात की जाए तो ये हार सबसे करीबी हार में चौथे नंबर पर है।

भारत की सबसे करीबी हार

12 रन- बनाम पाकिस्तान, चेन्नई-1999

16 रन- बनाम पाकिस्तान, बेंगलुरु, 1987

16 रन- बनाम ऑस्ट्रेलिया, ब्रिस्बेन, 1977

31 रन, बनाम इंग्लैंड, एजबेस्टन, 2018

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Posted By: Pradeep Sehgal