नई दिल्ली, ऑनलाइन डेस्क। भारत और इंग्लैंड के बीच खेली जा रही पांच मैचों की टेस्ट सीरीज की शुरुआत जिस अंदाज में हुई है, उसे कोई नहीं चाहेगा। दरअसल, टेस्ट सीरीज का पहला मुकाबला नॉटिंघम के ट्रेंट ब्रिज मैदान पर खेला गया, जो कि ड्रॉ रहा, क्योंकि बारिश ने पूरे मैच में आंख-मिचौली की और आखिर में मैच का नतीजा बेनतीजा रहा, जिससे भारतीय टीम के कप्तान विराट कोहली नाखुश हैं, क्योंकि भारतीय क्रिकेट टीम के पास इस मुकाबले को जीतने का बड़ा मौका था।

विराट कोहली ने पोस्ट मैच प्रेजेंटेशन में कहा, "हम तीसरे और चौथे दिन बारिश की उम्मीद कर रहे थे, लेकिन उसने पांचवें दिन आने का फैसला किया। खेलना और देखना सुखद होता, लेकिन यह शर्म की बात है। ठीक यही हम करना चाहते थे; मजबूत शुरुआत करें। पांचवे दिन हमें पता था कि हमारे पास मौके हैं। हमें निश्चित रूप से ऐसा लगा कि हम खेल में शीर्ष पर हैं। उस बढ़त को हासिल करना महत्वपूर्ण था, लेकिन यह शर्म की बात है कि हम पांचवां दिन पूरा नहीं कर सके।"

उन्होंने कहा, "पांचवें दिन से पहले पचास (208 का पीछा करते हुए) तक पहुंचना महत्वपूर्ण था। हम सिर्फ अस्तित्व के लिए नहीं खेलना चाहते थे। हमारी मंशा ने हमें आगे रखा। हमारे गेंदबाजों के लिए बल्ले से तीन सप्ताह का कठिन काम है। हम पहली पारी में 40 रन की बढ़त की बात कर रहे थे, लेकिन हम 95 के साथ समाप्त हुए और वे रन हमारे लिए महत्वपूर्ण थे। सबसे अधिक संभावना है कि यह इस सीरीज में हमारे लिए खास होगा, लेकिन अनुकूलन क्षमता हमारी ताकत रही है। विकेट पर परिस्थितियों और गति को देखने की जरूरत है, लेकिन यह टीम हमारा खाका होगी। इंग्लैंड और भारत हमेशा से ही ब्लॉकबस्टर रहे हैं और अगले टेस्ट की प्रतीक्षा कर रहे हैं।"

दरअसल, इंग्लैंड ने इस मैच में पहले बल्लेबाजी करते हुए 183 रन बनाए थे। इसके जवाब में भारत ने 278 रन बनाए थे और 95 रन की बढ़त हासिल की थी। वहीं, दूसरी पारी में इंग्लैंड ने जो रूट के शतक के दम पर 303 रन का स्कोर बनाया, लेकिन भारत को सिर्फ 208 रन जीत के लिए बनाने थे। 90 से ज्यादा ओवर का खेल पांचवें दिन खेला जाना था और इस तरह जीत के मामले में भारत का पलड़ा भारी था, क्योंकि चौथे दिन के खेल समाप्त होने तक भारत ने एक विकेट खोकर 52 रन बना लिए थे। रोहित शर्मा और चेतेश्वर पुजारा नाबाद थे।

Edited By: Vikash Gaur