दुबई, विशेष संवाददाता। भारतीय कप्तान विराट कोहली ने मौजूदा टी-20 विश्व कप के बाद खेल के सबसे छोटे प्रारूप में राष्ट्रीय टीम की कप्तानी छोड़ने के अपने फैसले को लेकर किसी बहस में पड़ने से इन्कार करते हुए कहा कि वह इस मुद्दे पर विवाद चाहने वालों को कोई 'मसाला' नहीं देंगे। कोहली ने कहा कि वह बात का बतंगड़ नहीं बनाना चाहते हैं। मैंने पहले ही काफी कुछ बोल दिया है और मुझे नहीं लगता कि इस मुद्दे पर कुछ और बोलने की जरूरत है।

कोहली ने कहा कि हमारा ध्यान इस विश्व कप में अच्छा खेलने पर है और एक टीम के रूप में हमें जो करने की जरूरत है, वह करना है। बाकी लोग उन चीजों को 'खोदने' की कोशिश कर रहे हैं जो मौजूद नहीं हैं और मैं कोई ऐसा व्यक्ति नहीं हूं जो ऐसे किसी को 'मसाला' दूं। मैंने बहुत ईमानदारी से और खुले तौर पर चीजों को समझा दिया है। अगर लोगों को लग रहा है कि इसके अलावा और भी कुछ है जो मैंने पहले नहीं बताया है तो मुझे उनके लिए बहुत बुरा लगता है। निश्चित रूप से ऐसा नहीं है। बीसीसीआइ अध्यक्ष सौरव गांगुली ने हाल में कहा था कि कोहली पर कप्तानी छोड़ने का कोई दबाव नहीं था और यह उनका अपना फैसला था।

भारत और पाकिस्तान के बीच मुकाबले के बारे में कोहली ने हमेशा की तरह रवैया अपनाते हुए कहा कि बाहर क्या बातें हो रही हैं इससे टीम पर प्रभाव नहीं पड़ता। कोहली ने कहा हम ऐसी स्थिति में हैं जहां हम अपनी भूमिका निभाने के लिए तैयार हैं और इसके लिए जितना संभव हो सके स्वयं को संतुलित अवस्था में रखना जरूरी है। इसके अलावा पेशेवर क्रिकेटर के रूप में आप उस स्थिति के बारे में सोचना शुरू कर देते हैं जहां हमें बल्लेबाज या गेंदबाज के रूप में अपनी भूमिका निभानी होती है। इस तरह के मैचों में बाहर कुछ अनावश्यक चीजें होती हैं। यह तब तक ठीक है जब तक यह हमारे नियंत्रित माहौल से बाहर रहता है। हम केवल इस बात पर ध्यान केंद्रित करते हैं कि क्रिकेटरों के रूप में हमें क्या करने की आवश्यकता है और इसलिए यह हमारे लिए क्रिकेट के अन्य मैचों से भिन्न नहीं है। हां, स्टेडियम के अंदर का माहौल भिन्न है लेकिन हमारी मानसिकता नहीं बदली है और हमारी तैयारियां भी अलग नहीं हैं।

Edited By: Sanjay Savern