छत्तीसगढ़: जमीन बेचकर घर बनाने के लिए जुटाए 3.12 लाख, साइबर ठगों ने APK फाइल से साफ किया खाता; 3 गिरफ्तार
मोहला-मानपुर की आंगनबाड़ी कार्यकर्ता सुनीता निषाद ने घर बनाने के लिए जमीन बेचकर 3.12 लाख रुपये जुटाए, लेकिन साइबर ठगों ...और पढ़ें
-1790964109153_m.webp)
साइबर ठगों ने APK फाइल से साफ किया खाता (सांकेतिक तस्वीर)
HighLights
आंगनबाड़ी कार्यकर्ता ने घर के लिए जमीन बेचकर पैसे जुटाए।
साइबर ठगों ने एपीके फाइल से मोबाइल हैक कर रकम उड़ाई।
पुलिस ने बंगाल से तीन साइबर ठगों को गिरफ्तार किया।
डिजिटल डेस्क, राजनांदगांव। सुंदर-सा घर-आंगन हर किसी का सपना होता है। इसी सपने को पूरा करने के लिए छत्तीसगढ़ के मोहला-मानपुर जिले की 52 वर्षीय आंगनबाड़ी कार्यकर्ता सुनीता निषाद ने अपनी पुश्तैनी 75 डिसमिल जमीन बेचकर 3.12 लाख रुपये जुटाए।
रकम बैंक खाते में जमा कर मकान का निर्माण शुरू कराया, लेकिन साइबर ठगों ने एक एपीके फाइल के जरिए उनके मोबाइल हैक कर लिया। इसके बाद कुछ ही दिनों में खाते की पूरी जमा पूंजी पार हो गई। जब तक परिवार को ठगी का पता चला, खाते में सिर्फ 1.75 रुपये बचे थे और उनके अपने घर का सपना अधूरा ही रह गया।
सुनीता मोहला-मानपुर-अंबागढ़ चौकी जिले के खड़गांव थाना क्षेत्र के ग्राम वाको की आंगनबाड़ी कार्यकर्ता हैं। विभागीय कामकाज और सूचनाओं के आदान-प्रदान के लिए वे वाट्सएप का इस्तेमाल करती थीं। इसी दौरान साइबर ठगों ने उनके मोबाइल पर एपीके फाइल भेजी।
फाइल मोबाइल में कब इंस्टाल हुई, इसकी जानकारी तक उन्हें नहीं हुई। इसके बाद ठगों ने मोबाइल का एक्सेस हासिल कर लिया। 10 से 14 दिसंबर 2025 के बीच उनके बैंक खाते से रकम निकाल ली गई।
आर्थिक मदद मांगने का संदेश आने पर हुआ संदेह
सुनीता के बेटे मुकुंद ने बताया कि उनकी मां के मोबाइल नंबर से परिचित लोगों को आर्थिक मदद मांगने के संदेश जाने लगे। संदेह होने पर 10 जनवरी को बैंक खाते की जांच की गई। तब पता चला कि खाते में जमा रकम गायब है और महज 1.75 रुपये बचे हैं।
जांच में सामने आया कि पेटीएम के जरिए यूपीआइ आईडी बनाकर अलग-अलग लेन-देन किए गए। परिवार ने सुनीता के खाते का एटीएम कार्ड तक नहीं बनवाया था। इसके बावजूद मोबाइल का एक्सेस (पहुंच) मिलने के बाद ठगों ने खाते की रकम निकाल ली।
गौरतलब है कि बिना डेबिट कार्ड के आधार कार्ड का उपयोग करके यूपीआइ आइडी बनाई जा सकती है। हालांकि, इसके लिए मोबाइल नंबर बैंक खाते और आधार कार्ड दोनों से लिंक होना चाहिए।
इसी खाते की जांच में खुला साइबर नेटवर्क
पुलिस ने इस मामले में बंगाल से तीन आरोपितों को गिरफ्तार किया है। इनमें आदित्य रजक, कृष्णा चौधरी भी शामिल हैं। दोनों 10वीं पास व सहपाठी हैं। वर्ष 2023 से सक्रिय आरोपितों के खिलाफ 14 राज्यों में 176 मामले दर्ज हैं। पुलिस को इनके खातों से 1.71 लाख लेन-देन का विवरण भी मिला है। मोहला-मानपुर में आरोपितों के खिलाफ 31 अन्य मामले दर्ज हैं।
