'माताओं का अपमान करने की संस्कृति BJP-RSS ने शुरू की', राहुल गांधी के समर्थन में उतरे भूपेश बघेल
भूपेश बघेल ने राहुल गांधी के 'छात्रों की गूंज' कार्यक्रम पर भाजपा की आलोचना का जवाब दिया। उन्होंने कहा कि ...और पढ़ें

भूपेश बघेल का भाजपा पर पलटवार
HighLights
भूपेश बघेल ने राहुल गांधी के 'छात्रों की गूंज' का बचाव किया।
माताओं के अपमान की संस्कृति भाजपा-आरएसएस ने शुरू की: बघेल।
कांग्रेस नेताओं ने राहुल गांधी के बयान का समर्थन किया।
डिजिटल डेस्क, रायपुर। कांग्रेस नेता भूपेश बघेल ने रविवार को राहुल गांधी के 'छात्रों की गूंज' कार्यक्रम की भाजपा की ओर से आलोचना का जवाब देते हुए कहा कि हर व्यक्ति की मां सम्मान की हकदार है।
उन्होंने कहा कि माताओं का अपमान करने की संस्कृति की शुरुआत भाजपा, आरएसएस और प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने की थी।
भूपेश बघेल ने कहा, "हर किसी की मां, मां होती है। सिर्फ प्रधानमंत्री मोदी की मां नहीं। जब वह राहुल गांधी की मां या अन्य नेताओं की माताओं का अपमान करते हैं, तो उनकी भावनाएं आहत क्यों नहीं होतीं? माताओं का अपमान करने की यह संस्कृति भाजपा-आरएसएस और महामानव (प्रधानमंत्री मोदी) ने शुरू की है।"
कांग्रेस नेता राशिद अल्वी ने राहुल गांधी का बचाव करते हुए कहा कि अगर कोई व्यक्ति मिमिक्री कर रहा है, तो भाजपा नेताओं में इतनी समझ होनी चाहिए कि वे मिमिक्री का मतलब समझ सकें।
उन्होंने कहा, "भाजपा को सोनिया गांधी के बारे में प्रधानमंत्री मोदी की टिप्पणियां याद रखनी चाहिए; वे टिप्पणियां अपमानजनक थीं। सोनिया गांधी के बारे में प्रधानमंत्री ने जो कहा था, वही अपमान था। यह मिमिक्री है और कुछ नहीं।"
कांग्रेस सांसद इमरान मसूद ने रांची में कहा, "चुनाव आने दीजिए। उन्हें जल्द ही काफी कुछ पता चल जाएगा। छात्रों की गूंज ने उनके कान के पर्दे फाड़ दिए हैं। वे सपनों में राहुल गांधी को देखते हैं और चौंककर जाग जाते हैं।"
कांग्रेस नेता टीएस सिंह देव ने कहा कि आलोचना एवं मिमिक्री पर आपत्ति नहीं होनी चाहिए, लेकिन उन्होंने सार्वजनिक संवाद में अपशब्दों के इस्तेमाल का विरोध किया।
कांग्रेस महासचिव गुलाम अहमद मीर ने दावा किया कि छात्रों की गूंज कार्यक्रम में पूरे भारत और मध्य प्रदेश से दो लाख से अधिक युवा राहुल गांधी को सुनने पहुंचे थे।
(न्यूज एजेंसी एएनआई के इनपुट के साथ)
