नई दिल्ली, बिजनेस डेस्क। हर व्यक्ति को बचत जरूर करनी चाहिए। हालांकि, बचत करने का मतलब यह नहीं होता कि आप पैसे को घर की अलमारी में रख दें या अपने बैंक खाते में रखकर छोड़ दें। पैसे को अच्छे से निवेश करना की बचत को जस्टिफाई करता है। निवेश दो तरीके के होते हैं। कुछ वह होते हैं, जो बाजार जोखिमों के अधीन होते हैं और कुछ ऐसे निवेश होते हैं, जिनका बाजार के उतार-चढ़ाव से कोई लेना देना नहीं होता। डाकघर की बचत योजनाएं ऐसी ही हैं। डाकघर की बचत योजनाओं में निवेश करने पर आपको सुरक्षित रिटर्न मिलता है। लेकिन, काफी लोगों को इन योजनाओं की जानकारी नहीं होती। तो चलिए, ऐसे में आज आपको डाकघर की बचत योजनाओं के नाम और उन बचत योजनाओं में निवेश करने पर मिलने वाली ब्याज दर की जानकारी देते हैं।

डाकघर की बचत योजनाएं

  • डाकघर बचत खाता
  • डाकघर आवर्ती जमा खाता (आरडी)​​
  • डाकघर सावधि जमा खाता (टीडी) ​​
  • डाकघर मासिक आय योजना खाता (एमआईएस)​
  • वरिष्ठ नागरिक बचत योजना (एससीएसए​​स)​​​
  • सार्वजनिक भविष्य निधि खाता (पीपीएफ)​​
  • सुकन्या समृद्धि खाता
  • ​राष्ट्रीय बचत प्रमाण पत्र (एनएससी)
  • किसान विकास पत्र (केवीपी)​

डाकघर की बचत योजनाओं पर ब्याज दरें

  • डाकघर बचत खाता पर वार्षिक 4.0 फीसदी की ब्याज दर मिलती है।
  • डाकघर आवर्ती जमा खाता (आरडी)​​ पर 5.8 फीसदी की ब्याज दर मिलती है। ब्याज तिमाही जुड़ता है।
  • डाकघर सावधि जमा खाता (टीडी) ​​पर 5.5 फीसदी से 6.7 फीसदी तक का ब्याज मिलता है, जो तिमाही जुड़ता है।
  • डाकघर मासिक आय योजना खाता (एमआईएस)​ पर 6.6 फीसदी की ब्याज दर मिलती है।
  • वरिष्ठ नागरिक बचत योजना (एससीएसए​​स)​​​ पर 7.4 फीसदी की ब्याज दर मिलती है।
  • सार्वजनिक भविष्य निधि खाता (पीपीएफ)​​ पर वार्षिक 7.1 फीसदी की ब्याज दर मिलती है।
  • सुकन्या समृद्धि खाता पर वार्षिक 7.6 फीसदी की ब्याज दर मिलती है।
  • ​राष्ट्रीय बचत प्रमाण पत्र (एनएससी) पर वार्षिक 6.8 फीसदी की ब्याज दर मिलती है।
  • किसान विकास पत्र (केवीपी)​ पर वार्षिक 6.9 फीसदी की ब्याज दर मिलती है।

Edited By: Lakshya Kumar