नई दिल्‍ली, रोहित गर्ग। पर्सनल लोन पैसों के लिए सभी अत्यावश्यक और आकस्मिक ज़रूरतों का निस्‍संदेह रूप से एक शानदार समाधान है। यह हर जरूरत में बिल्‍कुल फिट बैठता है। होम लोन या ऑटो लोन जैसे विशिष्ट लोन के विपरीत पर्सनल लोन आमतौर पर असुरक्षित (अनसिक्‍योर्ड) होते हैं। इसका मतलब है कि आप उन्हें बगैर किसकी जमानत के प्राप्त कर सकते हैं और किसी भी उद्देश्य के लिए इस्तेमाल कर सकते हैं। इस प्रकार के लोन का प्रयोग करने के मामले में लचीलेपन के कारण यह शादी के खर्च, विदेश यात्रा या किसी भी आकस्मिक खर्चों के लिए काम आ सकते हैं।

मिलने में आसान होने के अलावा, ये ऋण क्रेडिट कार्ड से लिए गए कर्ज की तुलना में ज्यादा किफायती होते हैं। दोनों के ब्याज दरों में लगभग दोगुने का फर्क होता है। साथ ही, क्रेडिट कार्ड पर लिए गए कर्ज आपके क्रेडिट स्कोर पर प्रतिकूल प्रभाव डालते हैं। आज के समय में पर्सनल लोन की बढ़ती ज़रूरत को ध्यान में रखते हुए तमाम बैंकिंग और गैर-बैंकिंग वित्तीय संस्थानों ने पर्सनल लोन की प्रक्रिया काफी आसान बना दी है और कुछ मामलों में तो तुरंत लोन मिल जाता है। आपकी जानकारी के लिए पर्सनल लोन लेने के कुछ प्रचलित तरीकों के बारे में नीचे उल्लेख किया गया है।

वाणिज्यिक बैंक

सभी परम्परागत बैंकों के पास मौजूदा ग्राहकों और नए ग्राहकों के लिए पर्सनल लोन स्वीकृत करने का विकल्प होता है। पर्सनल लोन के आवेदन की प्रोसेसिंग के लिए अधिकांश बैंक एक निर्धारित प्रक्रिया का पालन करते हैं। लगभग सभी बैंक ऋण की राशि, अवधि, पूर्ववर्ती क्रेडिट हिस्ट्री, लोन की प्रकृति आदि जैसे घटकों के आधार पर अलग-अलग योजनायें प्रदान करते हैं। पहले अधिकांश बैंकों में इसके लिए एक थकाऊ प्रक्रिया थी, जिसमें ढेरों कागजी कारवाई और अन्य औपचारिकताएं शामिल थीं। लेकिन, हाल के समय में इन प्रक्रियाओं को काफी हद तक आसान कर दिया गया है और सिंगल-विंडो आवेदन प्रक्रिया तैयार की गी है। सिस्टम तमाम कागजी कारवाई से आगे निकल चुका है और आराम से घर बैठे नेटबैंकिंग, बैंक की वेबसाइट या एटीएम के माध्यम से पर्सनल लोन लेने की सुविधा लागू है।

सहकारी बैंक

सहकारी बैंक अपेक्षाकृत कम दरों पर काम करते हैं और वाणिज्यिक बैंकों की तुलना में इनका ग्राहक आधार भी छोटा होता है, हालांकि अधिकांश सहकारी बैंकों में पर्सनल लोन स्वीकृत करने का प्रावधान है। इस तरह के बैंक से पर्सनल लोन लेने का लाभ यह है कि इनकी औपचारिकताएँ आसान होती हैं, क्योंकि वे आरबीआई द्वारा नियंत्रित हैं और मुनाफ़े की नियत से काम करने के बजाए समाज को अतिरिक्त लाभ देने के लिए काम करते हैं। साथ ही, वाणिज्यिक बैंकों के विपरीत, उनका औसत ब्याज दर 14% से 18% के बीच रहता है। इसके अलावा, इस तरह के पर्सनल लोन में प्रोसेसिंग फीस काफी कम रहती है।

हालांकि, अक्सर यह ऋण केवल महिलाओं, एमएसएमई या कृषकों जैसे लक्षित समूहों को देते हैं। ऋण की अधिकतम सीमा भी काफी कम, यानी आम तौर पर केवल 5 लाख तक होती है। पर्सनल लोन का आवेदन तभी तक वैध रहता है जब तक आप उस सहकारिता के सदस्य रहते हैं। उनके पास ऋणियों के लिए विकल्पों की सीमित संख्या होती है। लेकिन, कम कठोर नियमों के कारण इन बैंकों से पर्सनल लोन लेना एक आकर्षक रास्ता है, विशेषकर जब आप छोटा लोन लेना चाहते हों या ग्रामीण क्षेत्र में रहते हों।

ऑनलाइन ऋणदाता

भारतीय फिनटेक सेक्टर में तीव्र प्रगति की बदौलत देश में पर्सनल लोन का एक पूरा नया बाज़ार खड़ा हुआ है। इनकी बढ़ती लोकप्रियता का कारण बेहद सरल है। ये लोन आसानी से उपलब्ध हो जाता है। शानदार ब्याज दर पर लोन देते हैं। तेजी से काम होता है, सीधे आपके खाते में त्वरित पैसा ट्रांसफर होता है और यह सब प्रक्रिया बिना किसी भागदौड़ के पूरी हो जाती है। तो, इससे बढ़िया और क्या होगा!

भारतीय बाज़ार में आसान क्लिक पर तत्काल पर्सनल लोन देने वाले इन पोर्टल्‍स की धूम आ गई है। ये कोलेटरल-फ्री हैं और पर्सनल लोन के डिस्‍बर्समेंट के लिए लगभग शून्य के बराबर औपचारिकताएं होती हैं।

(लेखक स्मार्टकॉइन के सीईओ और सह-संस्थापक हैं, प्रकाशित विचार उनके निजी हैं।)

Edited By: Lakshya Kumar