नई दिल्ली (बिजनेस डेस्क)। सरकार ग्रामीण क्षेत्र में चलाए जा रहे कल्याणकारी कार्यक्रमों पर होने वाले खर्च में 16 फीसद का इजाफा कर सकती है। न्यूज एजेंसी रॉयटर्स ने सूत्रों के हवाले यह जानकारी दी है।

एक फरवरी को पेश होने वाले अंतरिम बजट में सरकार ग्रामीण विकास मंत्रालय के लिए 1.3 लाख करोड़ रुपये का आवंटन कर सकती है। चालू वित्त वर्ष में सरकार ने इस मंत्रालय को 1.12 लाख करोड़ रुपये का बजट दिया गया था।

सूत्रों ने बताया कि कल पेश होने वाले बजट के दौरान पीयूष गोयल लोकसभा में इसकी घोषणा कर सकते हैं।

मोदी सरकार के इस बजट में ग्रामीण अर्थव्यवस्था को प्राथमिकता मिलने की उम्मीद है। फसल की कीमतों में आई कमी और लागत में हुए इजाफे की वजह से कृषि आय में कमी हुई है। मोदी सरकार ने पिछले बजट में 2022 तक किसानों की आय को दोगुना किए जाने का वादा किया था।

गौरतलब है कि राहुल गांधी कांग्रेस के सत्ता में आने के बाद गरीबों को न्यूनतम आय की गारंटी का वादा कर चुके हैं। मंत्रालय के बजट में इजाफा होने की स्थिति में रोजगार गारंटी योजना को ऐतिहासिक आवंटन हो सकता है।

सूत्रों ने कहा कि अगले वित्त वर्ष में सरकार इस योजना के लिए 600 अरब रुपये का आवंटन कर सकती है, जो पिछले बजट के मुकाबले 9 फीसद अधिक है।

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Edited By: Abhishek Parashar