नई दिल्ली, बिजनेस डेस्क: देश में कोरोना संकट के बीच Union Budget-2022 में कार्पोरेट कर संग्रह बढ़कर 5.47 लाख करोड़ रुपये होने की संभावना है। जबकि वित्त वर्ष 2021 में यह सिर्फ 4.46 लाख करोड़ रुपये था। देश में कोविड -19 के बावजूद यह अनुमान एक मजबूत आर्थिक रिकवरी को दर्शाता है। वित्त वर्ष 2020 में कर संग्रह गिरकर 5.56 लाख करोड़ हो गया था, जो वित्त वर्ष 201 9 में 6.63 लाख करोड़ था। देश में महामारी के कारण कॉर्पोरेट लाभ में कमी आई थी, जिसके चलते कर संग्रह भी बड़े स्तर पर प्रभावित हुआ था। प्रत्यक्ष कर केंद्र सरकार के लिए राजस्व का एक प्रमुख स्रोत है।

केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण (Nirmala Sitharaman) ने आयकर से जुड़ी कई बड़ी घोषणाएं की हैं। संसद में Union Budget-2022 पेश करते हुए सीतारमण ने बताया कि सरकार ने वित्त वर्ष के लिए कॉर्पोरेट टैक्स दरों में कटौती करने का फैसला किया है। जिसके तहत को-आपरेटिव सोसाइटी के लिए 18 फीसदी की टैक्स दर को घटाकर 15 फीसदी करने की घोषणा की है। साथ ही सरचार्ज को 12 फीसदी से घटाकर सात फीसदी करने की पेश की गई है। इसके साथ, आय के आधार को भी एक करोड़ की जगह 10 करोड़ किए जाने का एलान हुआ है। वहीं, अब लांग टर्म कैपिटल गेन पर अब 15 फीसदी टैक्स लगेगा।

आम बजट (AAM Budget 2022) में समझने वाली यह बता है कि, सरकार में इनकम टैक्स दरों या स्लैब में कोई बदलाव नहीं किए हैं। आम जनता के लिए आयकर दरें जैसे की तैसी बनी हुई हैं। लोगों को आयकर में छूट की लिमिट 2.5 लाख से ऊपर करने की उम्मीद थी, उसमें भी मायूसी ही हाथ लगी है। ध्यान देने वाली बात यह है कि, सरकार ने क्रिप्टोकरेंसी को लेकर एक बड़ा फैसला किया है। Union Budget-2022 में प्रस्तावित है कि क्रिप्टोकरेंसी से होने वाली आय पर 30 फीसदी टैक्स लगेगा साथ ही एक फीसदी का सरचार्ज भी देय होगा।

Edited By: Amit Singh

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