नई दिल्ली (बिजनेस डेस्क)। उबर टेक्नोलॉजीज इंक अगले साल तक आईपीओ लाने की राह पर है। कंपनी के मुख्य कार्यकारी अधिकारी दारा खुशरोशाही ने बताया कि सेल्फ ड्राइविंक कार रिसर्च इकाई को बेचने की कंपनी की कोई योजना नहीं है।

राइड के आधार पर कैब सर्विस देने वाली कंपनी उबर अपने एडवांस्ड टेक्नोलॉजी ग्रुप को इस वक्त नहीं बेचेगी। ड्राइवरों और सवारियों की सुरक्षा में सुधार के लिए किए गए परिवर्तनों का अनावरण करते हुए उन्होंने पत्रकारों से यह बात कही। उन्होंने आगे कहा, "आखिरकार, यह एक बड़ी संपत्ति है जिसे हम बना रहे हैं और हम इसे जिस तरह से चाहें मोनेटाइज कर सकते हैं। इस बिंदु पर हम इस बारें में जैसा सोच रहे हैं वैसा बिल्कुल भी नहीं है।"

उबर 'काफी आशावादी' है और वह अपनी सेल्फ ड्राइविंग कारों के परीक्षण को फिर से शुरू कर सकता है। आपको बता दें कि किराये पर टैक्सी सेवा मुहैया करानेवाली कंपनी उबर की ड्राइवरलेस कार यानी बिना ड्राइवर के चलने वाली पूरी तरह से ऑटोमैटिक गाड़ी से मार्च 2018 में एक एक्सीडेंट हो गया था जिसमें एक महिला की मौत हो गई। यह घटना अमेरिका के एरिजोना की थी।

गौरतलब है कि पिछले महीने टोयोटा मोटर कॉर्प ने कहा था कि वो उबर में 500 मिलियन डॉलर का निवेश करेगा ताकि संयुक्त रुप से सेल्फ ड्राइविंग कार को तैयार किया जा सके।

Posted By: Praveen Dwivedi