Tata स्टील का मेगा प्लान, NINL की क्षमता 50 लाख टन बढ़ाने की तैयारी पर लगी मुहर; CEO ने दी जानकारी
टाटा स्टील अपनी अनुषंगी नीलाचल इस्पात निगम लिमिटेड (NINL) की स्टील उत्पादन क्षमता को बढ़ाकर 50 लाख टन सालाना करने की तैयारी में है।

टाटा का सबसे बड़ा दांव!
HighLights
NINL की स्टील उत्पादन क्षमता 50 लाख टन होगी।
₹33,873 करोड़ का पूंजी निवेश किया जाएगा।
लॉन्ग प्रोडक्ट्स पोर्टफोलियो को मजबूत किया जाएगा।
बिजनेस डेस्क, नई दिल्ली: देश की बड़ी स्टील कंपनियों में शामिल टाटा स्टील (Tata Steel) अब अपनी स्टील उत्पादन क्षमता को और तेजी से बढ़ाने की तैयारी में है। कंपनी अपनी अनुषंगी नीलाचल इस्पात निगम लिमिटेड (NINL) की क्षमता को बढ़ाकर करीब 50 लाख टन सालाना करने जा रही है। इस विस्तार के लिए कंपनी बड़ा पूंजी निवेश कर रही है। टाटा स्टील के CEO और MD टीवी नरेंद्रन ने सोमवार को नई दिल्ली में इंडियन फाउंडेशन फॉर क्वालिटी मैनेजमेंट (IFQM) के संगोष्ठी कार्यक्रम से इतर यह जानकारी दी।
NINL में 50 लाख टन की क्षमता का बड़ा प्लान
टीवी नरेंद्रन के मुताबिक, कंपनी पहले ही NINL में क्षमता विस्तार परियोजना की घोषणा कर चुकी है। टाटा स्टील के बोर्ड ने जुलाई 2026 में NINL में 4.8 मिलियन टन यानी करीब 48 लाख टन प्रति वर्ष अतिरिक्त स्टील बनाने की क्षमता के लिए ₹33,873 करोड़ के अनुमानित पूंजीगत खर्च को मंजूरी दी थी। अब कंपनी की तरफ से कुल क्षमता को करीब 5 मिलियन टन यानी 50 लाख टन सालाना तक ले जाने की बात सामने आई है।
यह विस्तार टाटा स्टील के भारत में लॉन्ग प्रोडक्ट्स पोर्टफोलियो को मजबूत करने की रणनीति का हिस्सा है। कंपनी का फोकस खास तौर पर रिटेल मार्केट में अपने ब्रांडेड स्टील उत्पादों की मांग को पूरा करने पर है।
2022 में टाटा स्टील ने खरीदा था NINL
NINL ओडिशा के कलिंगानगर में स्थित है। टाटा स्टील ने 4 जुलाई 2022 को NINL का अधिग्रहण पूरा किया था। यह अधिग्रहण उसकी तत्कालीन अनुषंगी टाटा स्टील लॉन्ग प्रोडक्ट्स (TSLP) के जरिए करीब ₹12,100 करोड़ में हुआ था। NINL उस समय लंबे समय से वित्तीय परेशानियों के चलते बंद पड़ा था। इसकी शुरुआती स्टील उत्पादन क्षमता करीब 10 लाख टन प्रति वर्ष थी।
अब क्षमता बढ़ाने पर बड़ा दांव
NINL के विस्तार से टाटा स्टील को न केवल अतिरिक्त स्टील उत्पादन क्षमता मिलेगी, बल्कि कंपनी अपने लॉन्ग स्टील प्रोडक्ट्स कारोबार को भी विस्तार दे सकेगी। कंपनी ने भारत में अपनी कुल स्टील क्षमता को आगे बढ़ाने की भी रणनीति बनाई है। जुलाई 2026 में टाटा स्टील ने बताया था कि भारत में उसकी स्टीलमेकिंग क्षमता को मौजूदा स्तर से बढ़ाकर 40 MTPA करने की दिशा में काम जारी है।
टाटा स्टील के मुताबिक, NINL का विस्तार कंपनी की लॉन्ग प्रोडक्ट्स रणनीति के लिए अहम है। साथ ही NINL का टाटा स्टील में विलय भी प्रक्रिया में है, जिससे दोनों कारोबारों के बीच तालमेल बढ़ाने और कॉरपोरेट स्ट्रक्चर को सरल बनाने में मदद मिलेगी।
