यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jan 05, 2019 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
बंद होने से बची रेड एंड टेलर, यूनियन की बोली स्वीकृत
गौरतलब हो कि एस कुमार समूह पर भी बैंकरप्सी प्रक्रिया चल रही है।

नई दिल्ली (बिजनेस डेस्क)। नेशनल कंपनी लॉ टिब्यूनल (एनसीएलटी) की मुंबई पीठ ने प्रीमियम अपैरल ब्रांड रेड एंड टेलर इंडिया के अधिग्रहण के लिए कंपनी के अपंजीकृत यूनियन की बोली को स्वीकार कर लिया है। इससे कंपनी बंद होने से बच गई। टिब्यूनल मामले की अगली सुनवाई आठ जनवरी को करेगा। कास्लीवाल परिवार की कंपनी एस कुमार समूह की सहायक कंपनी रेड एंड टेलर पर 4,100 करोड़ से अधिक का बकाया है। गौरतलब हो कि एस कुमार समूह पर भी बैंकरप्सी प्रक्रिया चल रही है।
भाष्कर पंटूला मोहन और वी नल्लासेनापती की पीठ ने रिजॉल्यूशन प्रोफेशनल्स अनिमेश बिष्ट और हरप्रीत सिंह गुप्ता को यह भी आदेश दिया कि वे दो विदेशी निवेशकों (हांगकांग के एसपी ग्रोथ पार्टनर्स और एक ब्रिटिश निवेशक) से भी सात जनवरी तक बोली हासिल करें और अगले दिन सुनवाई के समय उनके प्रस्तावों को टिब्यूनल के सामने पेश करें।
