नई दिल्ली (बिजनेस डेस्क)। भारत सरकार को उम्मीद है कि उसे स्विस अधिकारियों की ओर से एचएसबीसी में भारतीयों के खातों की जानकारी अगले 10 दिनों में मिल जाएगी। वित्त मंत्री पीयूष गोयल ने राज्यसभा में प्रश्नकाल के दौरान जानकारी दी है कि स्विटजरलैंड के उच्चतम न्यायालय के आदेश पर वहां की सरकार यह जानकारियां भारत सरकार के साथ साझा करेगी।

काले धन की जांच करने के लिए गंभीर प्रयास चल रहे हैं। राज्यसभा में प्रश्नकाल के दौरान गोयल ने बताया कि एचएसबीसी में अघोषित आय के रूप में जमा 8448 करोड़ रुपये पर कर राशि 5447 करोड़ रुपये आंकी गई है। वित्त मंत्री ने विदेशी बैंकों में जमा काले धन पर पूछे गए एक प्रश्न पर एक पूरक जवाब में कहा, “'स्विटजरलैंड के उच्चतम न्यायालय ने स्विस सरकार को इस मामले से जुड़ी जानकारियां हमारे साथ एक सप्ताह या दस दिन में साझा करने का आदेश दिया है....वह हमें मिलने वाली है।”

उन्होंने कहा कि एचएसबीसी ने अपनी लिस्ट वित्त वर्ष 2010-11 में और 2011-12 से 2014 तक के लिए जारी की थी। उन्होंने कहा कि सरकार ने प्रयास करने की कोशिश की लेकिन स्विस सरकार ने इस बिनाह पर कोई भी जानकारी देने से इनकार कर दिया कि चूंकि यह एक गुप्त जानकारी है क्योंकि स्रोत चोरी का है जो कि अवैध है।

मंत्री ने कहा, “इस सरकार के आने के बाद ही हमने स्विट्जरलैंड में हमारे राजस्व सचिव को भेजा। स्विट्जरलैंड सरकार के साथ हमने उच्चस्तरीय चर्चा की थी और स्विट्जरलैंड और हमारी सरकार की ओर से एक संयुक्त बयान 15 अक्टूबर, 2015 को जारी किया गया था, जिसके अनुसार दोनों पक्षों ने इस बात पर सहमति जताई थी कि वे एक दूसरे के साथ जानकारी साझा करेंगे।”

By Praveen Dwivedi