मुंबई, रायटर्स। वैश्विक स्तर पर सोने के भाव में तेजी की वजह से भारत में भी बुधवार को सोने की वायदा कीमतें अब तक के सबसे उच्च स्तर पर पहुंच गईं। विभिन्न देशों में कोरोना के बढ़ते मामलों के चलते लोगों ने सुरक्षित समझे जाने वाले सोने में निवेश बढ़ा दिया है। शुरुआती कारोबार में भारत में सोने की वायदा कीमतें 48,871 रुपये प्रति 10 ग्राम के साथ अब तक के सबसे उच्च स्तर तक पहुंच गईं। इस तरह 2020 में सोने की वायदा कीमतों में अब तक 25 फीसद का इजाफा देखने को मिला है। इससे पहले 2019 में सोने के वायदा भाव में 25 फीसद का उछाल देखने को मिला था। 

(यह भी पढ़ेः Bank Holidays List July 2020: बैंक में है जरूरी काम, तो पहले जान लीजिये जुलाई में कितने दिन बंद रहेंगे बैंक)  

हालांकि, सोने की कीमतों में भारी तेजी की वजह से देश में सोने की खुदरा मांग में कमी आई है। भारत दुनियाभर में सोने का दूसरा सबसे बड़ा उपभोक्ता है। सर्राफा का आयात करने वाले एक बैंक से संबद्ध मुंबई के एक बैंक डीलर ने कहा, ''खुदरा मांग ना के बराबर है। खरीदार कीमतों में कमी की उम्मीद में अपनी खरीदी की योजना को फिलहाल टाल रहे हैं।''

देश में सोने के आयात में मई महीने में पिछले साल की समान अवधि की तुलना में 99 फीसद की जबरदस्त गिरावट देखने को मिली। कोरोनावायरस संक्रमण को रोकने के लिए देशभर में लागू लॉकडाउन की वजह से आभूषण दुकानों के बंद होने और अंतरराष्ट्रीय उड़ान सेवाओं पर प्रतिबंध की वजह से सोने के आयात में कमी देखने को मिली।  

(यह भी पढ़ेः LPG Price Increased: दूसरे महीने फिर महंगा हुआ रसोई गैस सिलेंडर, जानिए नए दाम)   

अंतरराष्ट्रीय बाजार में सोने की हाजिर कीमतें बुधवार को आठ साल के उच्चतम स्तर के करीब पहुंच गई हैं। अमेरिका और अन्य देशों में कोरोना वायरस के बढ़ते मामलों के चलते वैश्विक स्तर पर आर्थिक रिकवरी की संभावनाएं क्षीण हुई हैं और इस वजह से निवेशकों ने सेफ हेवेन कहे जाने वाले सोने में निवेश किया है।

क्या होता है वायदा बाजार?

सोने का व्यापार दो तरह से होता है। एक हाजिर बाजार में और दूसरा वायदा बाजार में। वायदा बाजार को कमोडिटी एक्सचेंज भी कहा जाता है। वायदा बाजार में वस्तु को डिजिटल माध्यम से बेचा और खरीदा जाता है। वायदा बाजार में वस्तु के पुराने और नए भावों के आधार पर भविष्य के भावों में सौदे किये जाते हैं। इस बाजार में एक तय तारीख तक के लिए सौदे होते हैं। वायदा बाजार का सीधा असर हाजिर बाजार पर पड़ता है। हाजिर बाजार और वायदा बाजार में वस्तु के भाव में कोई बड़ा अंतर नहीं होता है।

Posted By: Ankit Kumar

इंडियन टी20 लीग

डाउनलोड करें जागरण एप और न्यूज़ जगत की सभी खबरों के साथ पायें जॉब अलर्ट, जोक्स, शायरी, रेडियो और अन्य सर्विस