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नई दिल्ली (पीटीआइ)। उद्योग संगठन भारतीय वाणिज्य एवं उद्योग महासंघ (फिक्की ) ने चालू वित्त वर्ष में सकल घरेलू उत्पाद (जीडीपी) वृद्धि दर 7.1 फीसद और अगले वित्त वर्ष में इसके बढ़कर 7.2 फीसद पर पहुंचने का अनुमान जताया है, जबकि वर्ष 2018-19 की अंतिम तिमाही में इसके 6.5 फीसद पर रहने की बात कही है।

फिक्की ने गुरुवार को जारी अपने आर्थिक सर्वे रिपोर्ट में यह अनुमान जताया है। वर्ष 2018-19 के आर्थिक विकास के सरकारी आंकड़े शुक्रवार को जारी किए जाएंगे। सर्वे में कहा गया है कि इस वर्ष मार्च में समाप्त तिमाही में विपरीत परिस्थिति में जीडीपी वृद्धि दर छह फीसद और बेहतर स्थिति में 7.1 फीसद तक रह सकती है।

सर्वे के मुताबिक, 2019-20 के लिए न्यूनतम और अधिकतम विकास अनुमान 6.8 फीसद और 7.3 फीसद रहा, यह सर्वे मई 2019 में उद्योग, बैंकिंग और वित्तीय सेवा क्षेत्र से जुड़े अर्थशास्त्रियों के बीच आयोजित किया गया था। 2019-20 के लिए कृषि और इससे संबद्ध गतिविधियों के लिए औसत वृद्धि दर 3 फीसद रखी गई है।

वहीं इंडस्ट्री और सर्विस सेक्टर ने क्रमशः 6.9 फीसद और 8 फीसद वृद्धि दर का अनुमान लगाया है। थोक मूल्य सूचकांक (WPI) आधारित महंगाई की दर 2019-20 में 3.1 फीसद अनुमानित है, जो कि मिनिमम और मैक्सिमम रेंज में 2.1 और 4 फीसद है।

सर्वे में खुदरा महंगाई इसके विपरीत, सर्वे में खुदरा महंगाई 2019-20 के लिए औसत 4 फीसद का पूर्वानुमान है।

 

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Posted By: Nitesh

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