नई दिल्ली, आइएएनएस। Reliance Jio में Facebook की 9.99 परसेंट की हिस्सेदारी पर भारतीय प्रतिस्पर्धा आयोग (CCI) की नजर है। सीसीआइ इस गठजोड़ में उपभोक्ताओं के हित को ध्यान में रखते हुए उनके निजी डाटा को लेकर चिंतित है। सीसीआइ के चेयरमैन अशोक कुमार गुप्ता ने बताया कि हम डाटा के गलत प्रयोग को लेकर उठ रही आशंकाओं पर विचार कर रहे हैं। हालांकि, उन्होंने इस बारे में अधिक जानकारी देने से इन्कार कर दिया।

गुप्ता ने कहा कि सीसीआइ यह भी देख रहा है कि इस तरह के गठजोड़ में नया साझेदार असेसमेंट के अंतर्गत आता है या नहीं। उन्होंने कहा कि कुछ गठजोड़ और अधिग्रहण के मामलों में यह देखा गया है कि संभावित खतरा मौजूद होने के बावजूद नया साझेदार जांच के दायरे से बच निकला है। जियो और फेसबुक के समझौते से इस सोशल मीडिया कंपनी की पहुंच बहुत अधिक डाटा तक होगी। इस वजह से लोगों की निजी सूचनाओं का गलत तरीके से प्रयोग न हो, इसे सुनिश्चित करना होगा।

हालांकि, सीसीआइ की ओर से इस मामले में अंतिम फैसले के लिए कोई समय-सीमा नहीं बताई गई है। ऐसे में मौजूदा नियमों के मुताबिक अगर सीसीआइ 210 दिनों के भीतर इस मामले में कोई फैसला नहीं लेता है, तो यह समझौता मंजूर माना जाएगा। 

फेसबुक ने इस मामले में सीसीआइ को भेजे प्रार्थना पत्र में कहा है कि इस समझौते में किसी तरह के नियमों का उल्लंघन नहीं हुआ है। फेसबुक और इसकी सहायक कंपनी वाट्सएप इस निवेश के जरिये डिजिटल मार्केटप्लेस स्थापित करने की योजना पर कार्य कर रही हैं।

डाउनलोड करें जागरण एप और न्यूज़ जगत की सभी खबरों के साथ पायें जॉब अलर्ट, जोक्स, शायरी, रेडियो और अन्य सर्विस