नई दिल्ली, बिजनेस डेस्क। केंद्रीय श्रम मंत्री भूपेंद्र यादव ने गुरुवार को कहा कि कर्मचारी राज्य बीमा निगम सामाजिक सुरक्षा संहिता के लागू होने के बाद बढ़े हुए लाभार्थी आधार के बीच दिसंबर तक सभी 744 जिलों में अपनी सेवाओं का विस्तार करेगा। कोड कर्मचारी राज्य बीमा निगम (Employees' State Insurance Corporation) द्वारा संचालित सामाजिक सुरक्षा योजना ESI (स्वास्थ्य बीमा) के तहत अनौपचारिक श्रमिकों (गिग और प्लेटफॉर्म वर्कर्स) का कवरेज प्रदान करता है।

श्रम मंत्रालय के एक बयान के अनुसार, यादव ने सूरजकुंड में आयोजित ईएसआईसी 'चिंतन शिविर' में अपने भाषण में कई योजनाओं के बारे में बताया। उन्होंने घोषणा की कि कई योजनाओं पर विचार किया जा रहा है। ईएसआईसी दिसंबर 2022 तक देश के सभी 744 जिलों में अपनी सेवाओं का विस्तार करने के लिए काम करेगा। यह विस्तार सामाजिक सुरक्षा संहिता के लागू होने के बाद बढ़े हुए लाभार्थी आधार को ध्यान में रखकर किया जाएगा।

मंत्री ने कहा कि ईएसआईसी 'चिंतन शिविर' के परिणाम नीति और क्रियान्वयन के बीच की खाई को पाटकर प्रधानमंत्री के 'स्वास्थ्य से समृद्धि' के दृष्टिकोण को पूरा करने में मदद करेंगे। यह आगे गेम चेंजर साबित होगा और सभी श्रम योगियों और उनके आश्रितों को लाभान्वित करेगा।

बता दें कि नवीनतम तकनीकी प्रगति और भविष्य के लाभार्थियों को ध्यान में रखते हुए नए औषधालयों और अस्पतालों की मंजूरी के लिए मानदंडों को संशोधित करने की आवश्यकता है। ऐसे में भारत में स्वदेशी अनुसंधान को बढ़ावा देने के लिए बेहतर केंद्र स्थापित करने की सिफारिश की गई थी। मंत्री ने बताया कि सुझावों के अनुसार, ईएसआई अस्पताल आयुष्मान भारत डिजिटल मिशन (एबीडीएम) के अनुपालन और अपनाने के लिए समयबद्ध तरीके से काम करेंगे। ईएसआई देश के आकांक्षी जिलों में विकासशील स्वास्थ्य सुविधाओं और मेडिकल कॉलेजों का पता लगाएगा और उनके साथ जोड़ा जाएगा।

मंत्री ने यह भी बताया कि 25 अगस्त को आंध्र प्रदेश के तिरुपति में होने वाले आगामी श्रम मंत्रियों के सम्मेलन के दौरान ईएसआईसी 'चिंतन शिविर' की सिफारिशों और श्रम और रोजगार मंत्रालय और ईपीएफओ के अन्य मुद्दों पर चर्चा की जाएगी।

Edited By: Sarveshwar Pathak