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कौन थे दगड़ू शेठ हलवाई? जिन्होंने बनवाया भारत का धनवान गणेश मंदिर; आज भी मौजूद 130 साल पुरानी मिठाई दुकान

Published: Mon, 14 Sep 2026 01:00 PM (IST)

पुणे में स्थित दगड़ूशेठ हलवाई गणपति मंदिर का निर्माण 1897 में हलवाई दगड़ूशेठ के परिवार ने गुरु की सलाह पर ...और पढ़ें

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HighLights

  1. दगड़ूशेठ हलवाई गणपति मंदिर पुणे में स्थित एक प्रसिद्ध मंदिर है।

  2. इसका निर्माण 1897 में हलवाई दगड़ूशेठ के परिवार ने करवाया था।

  3. दगड़ूशेठ की 130 साल पुरानी मिठाई की दुकान आज भी मौजूद है।

नई दिल्ली। देश में आज 14 सितंबर को धूमधाम से गणेश चतुर्थी उत्सव मनाया जा रहा है। लालबाग के राजा से लेकर कनिपकम विनायक मंदिर समेत अलग-अलग मंदिरों में हर्षोउल्लास का माहौल है। भारत में भगवान श्रीगणेश के कई प्राचीन मंदिर और पंडाल हैं, और सबकी अपनी अनोखी कहानी है। हम आपको एक ऐसे विश्वप्रसिद्ध गणेश मंदिर की कहानी बताने जा रहे हैं जिसका निर्माण जिस भक्त ने किया उसी के नाम से यह मंदिर मशहूर हो गया। हम बात कर रहे हैं पुणे स्थित दगड़ू शेठ मंदिर की, जिसका निर्माण 1897 में पुणे के मशहूर हलवाई दगड़ू सेठ के परिवार ने करवाया।

यह महाराष्ट्र के सबसे लोकप्रिय मंदिरों में से एक है। खास बात है कि दगड़ूशेठ गणपति ट्रस्ट को महाराष्ट्र के सबसे अमीर ट्रस्टों में से एक माना जाता है। आइये आपको बताते हैं इस मंदिर का निर्माण कब और कैसे हुआ?

कर्नाटक से पुणे कैसे पहुंचे दगड़ू सेठ?

पुणे के मशहूर हलवाई का नाम दगड़ूशेठ गाडवे था। वे मूल रूप से कर्नाटक के रहने वाले थे, लेकिन बाद में महाराष्ट्र के पुणे में आकर बस गए। पुणे में उन्होंने मिठाई बनाने का काम शुरू किया। उनकी मिठाइयाँ इतनी मशहूर हुईं कि उनका सरनेम ही 'हलवाई' पड़ गया। पुणे में समय के साथ उनका बिज़नेस बहुत बढ़ा और वे इस शहर के एक बेहद सफल और अमीर व्यापारी बन गए।

www.dagdushethganpati.com पर उपलब्ध जानकारी के अनुसार, 1896 में पुणे में प्लेग फैला। दगडूशेठ हलवाई अपने बेटे के न होने से बहुत दुखी थे। बेटे की मौत के कुछ ही महीनों बाद दगडूशेठ का भी निधन हो गया, और वे अपनी पत्नी और संपत्ति पीछे छोड़ गए।

इस स्थिति से निपटने के लिए, परिवार के आध्यात्मिक गुरु श्री माधवनाथ महाराज ने दगडूशेठ के नाम पर श्री दत्त मंदिर बनवाने की सलाह दी। गुरु की सलाह मानकर दगडूशेठ की पत्नी ने दत्त मंदिर बनवाने का फ़ैसला किया और भगवान गणेश की एक भव्य मूर्ति स्थापित की, आज यही मूर्ति 'श्रीमंत दगड़ूशेठ हलवाई गणपति' के नाम से पूरी दुनिया में मशहूर है।

आज भी कायम है दगड़ू शेठ की दुकान

 खास बात है कि दगड़ूसेठ की दुकान आज भी पुणे में स्थित है और इसे "दगड़ूशेठ हलवाई स्वीट्स" (Dagdusheth Halwai Sweets) या 'काका हलवाई' के नाम से जाना जाता है।