8th Pay Commission News: 'बेसिक पे ₹52600 और फिटमेंट फैक्टर 3.8 चाहिए', आयोग के सामने किसने रख दी बड़ी डिमांड
आठवें वेतन आयोग के समक्ष इंडियन रेलवेज टेक्निकल सुपरवाइजर्स एसोसिएशन (IRTSA) ने न्यूनतम मूल वेतन 52,600 रुपये और 3.8 फिटमेंट ...और पढ़ें
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IRTSA की 52,600 रुपये न्यूनतम बेसिक पे की मांग
HighLights
IRTSA की 52,600 रुपये न्यूनतम बेसिक पे की मांग।
3.8 फिटमेंट फैक्टर लागू करने का प्रस्ताव रखा गया।
रेलवे कर्मचारियों के लिए करियर ग्रोथ और भत्तों पर जोर।
नई दिल्ली। 8th Pay Commission News: आठवां वेतन आयोग इस समय तेजी के साथ काम कर रहा है। अलग-अलग शहरों में बैठक आयोजित की जा रही है। आयोग के सामने अलग-अलग कर्मचारी संगठन अपनी-अपनी डिमांड रख रहे हैं। सभी की मांगों में बेसिक पे और फिटमेंट फैक्टर को लेकर काफी हद तक समानता दिख रही है। इसी बीच आयोग के सामने एक और बड़ी डिमांड आई है जिसमें मिनिमम बेसिक पे ₹52600 और फिटमेंट फैक्टर 3.8 की मांग की गई है।
वेतन आयोग के सामने इस तरह की कई मांगे आई है। लेकिन ये ताजा डिमांड किसने की है। आइए जानते हैं।
8th Pay Commission से किसने की बड़ी डिमांड?
8वें वेतन आयोग (8th Pay Commission) के सामने जो नया प्रस्ताव या फिर कहें मांग को लेकर जमा की गई रिपोर्ट को इंडियन रेलवेज टेक्निकल सुपरवाइजर्स एसोसिएशन (IRTSA) की तरफ से पेश किया गया है।
IRTSA ने न्यूनतम वेतन में काफी बढ़ोतरी, टेक्निकल और सुरक्षा-श्रेणी के कर्मचारियों के लिए ज्यादा फिटमेंट फैक्टर, बेहतर करियर ग्रोथ और रेलवे इंजीनियरों और सुपरवाइजरों के लिए ज्यादा भत्तों की मांग की है।
IRTSA ने प्रस्ताव दिया है कि जहां निचले स्तरों के लिए 2.92 के फिटमेंट फैक्टर पर विचार किया जा सकता है, वहीं तकनीकी और सुरक्षा श्रेणियों के कर्मचारियों को उच्च मल्टीप्लायर मिलना चाहिए।
ये मांगें 19 मई, 2026 को हैदराबाद में 8वें वेतन आयोग के साथ हुई एक बातचीत के दौरान रखी गईं थी। आईआरटीएसए की जो प्रमुख मांग है वह न्यूनतम वेतन वृद्धि को लेकर है। IRTSA ने 8वें वेतन आयोग के तहत न्यूनतम मूल वेतन को संशोधित करके 52,600 रुपये करने की मांग की है।
3.8 के फिटमेंट फैक्टर के हिसाब से कितनी बढ़ेगी सैलरी?
3.8 फिटमेंट फैक्टर के हिसाब से आखिर कितनी सैलरी बढ़ेगी? इसे लेकर हमने कैलकुलेशन किया है। नीचे उसकी डिटेल टेबल में दी गई है।
| ग्रेड | वर्तमान बेसिक पे (₹) | फिटमेंट फैक्टर = 3.8 (₹) | कितनी बढ़ेगी सैलरी (₹) |
| लेवल 1 | 18,000 | 68,400 | 50,400 |
| लेवल 2 | 19,900 | 75,620 | 55,720 |
| लेवल 3 | 21,700 | 82,460 | 60,760 |
| लेवल 4 | 25,500 | 96,900 | 71,400 |
| लेवल 5 | 29,200 | 110,960 | 81,760 |
| लेवल 6 | 35,400 | 134,520 | 99,120 |
| लेवल 7 | 44,900 | 170,620 | 125,720 |
| लेवल 8 | 47,600 | 180,880 | 133,280 |
| लेवल 9 | 53,100 | 201,780 | 148,680 |
| लेवल 10 | 56,100 | 213,180 | 157,080 |
| लेवल 11 | 67,700 | 257,260 | 189,560 |
| लेवल 12 | 78,800 | 299,440 | 220,640 |
| लेवल 13 | 118,500 | 450,300 | 331,800 |
| लेवल 13 | 131,100 | 498,180 | 367,080 |
| लेवल 14 | 144,200 | 547,960 | 403,760 |
| लेवल 15 | 182,200 | 692,360 | 510,160 |
| लेवल 16 | 205,400 | 780,520 | 575,120 |
| लेवल 17 | 225,000 | 855,000 | 630,000 |
| लेवल 18 | 250,000 | 950,000 | 700,000 |
हाल के महीनों में, नेशनल काउंसिल-ज्वाइंट कंसल्टेटिव मशीनरी (NC-JCM), रक्षा कर्मचारी निकायों, पेंशनभोगी संघों और रेलवे यूनियनों सहित कई संगठनों ने आयोग को अपने सुझाव सौंपे हैं।
IRTSA का ज्ञापन इसलिए खास है, क्योंकि यह केवल वेतन वृद्धि की मांग तक ही सीमित नहीं है, बल्कि रेलवे के भीतर करियर में ठहराव, पदोन्नति में आने वाली बाधाओं और वेतन समानता से जुड़े मुद्दों पर भी जोर देता है।
