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आईआईटी बाम्बे ने रचा अनोखा कीर्तिमान, देश और दुनिया में हो रही जमकर तारीफ

Rizwan Noor Khan

27 Aug, 2020

 

 

कोरोना महामारी के चलते किसी भी तरह के भीड़भाड़ वाले कार्यक्रमों पर रोक लगी हुई है। फिर चाहे वह धार्मिक कार्यक्रम हों या सामाजिक या फिर शैक्षिक ही क्यों न हों। लेकिन, आईआईटी बाम्बे ने अपने महत्वपूर्ण शैक्षिक कार्यक्रम को अनोखे तरीके से आयोजित कर कीर्तिमान स्थापित कर दिया। आईआईटी बाम्बे के अनुसार ऐसा पहले कभी नहीं किया गया था। इसके लिए देशभर में उसकी सराहना की जा रही है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी समेत शीर्ष नेताओं ने इसे नवाचार और तकनीक अनोखा मिश्रण बताया है।

 

 

ऐतिहासिक बना 58वां दीक्षांत समारोह
देश के चुनिंदा शीर्ष शैक्षिक संस्थानों में शुमार आईआईटी बाम्बे अपने दीक्षांत समारोह 2020 के अनोखे आयोजन को लेकर इन दिनों चर्चा में है। कोरोना महामारी के मद्देनजर आईआईटी बाम्बे ने 58वें दीक्षांत समारोह को नवाचार और डिजिटल अवतारों के जरिए पूरा किया। आयोजन की खास बात ये रही कि पहले कभी ऐसा प्रयोग नहीं किया गया था। अनोखा प्रयोग करने वाला आईआईटी बाम्बे दुनिया का पहला शैक्षिक संस्थान बन गया है।

 

 

नए प्रयोग और नए दौर का मिश्रण दिखा
डीडी न्यूज की रिपोर्ट के अनुसार आईआईटी बाम्बे ने दीक्षांत समारोह को नए प्रयोग और नए दौर के हिसाब से पूरा किया है। पिछले सालों में आयोजित हुए दीक्षांत समारोह की तरह ही इस बार भी छात्र, प्रोफेसर और गणमान्य लोग समारोह स्थल पर एकजुट हुए और अगल बगल बैठे नजर आए। छात्रों को मंच पर गणमान्य अतिथियों ने उपाधियां देकर सम्मानित किया।

 

 

सोशल डिस्टेंसिंग के उल्लंघन की शिकायत
आपके मन में सवाल हो सकता है कि यहां पहुंचे लोगों ने सोशल डिस्टेंसिंग नियमों और मास्क लगाने का पालन नहीं किया। बस यहीं तो आईआईटी बाम्बे ने कमाल किया है। दरअसल, यह दीक्षांत समारोह और सभी गतिविधियां डिजिटल तरीके से पूरी की गईं। इसके लिए एनीमेशन और ग्राफिक्स का सहारा लिया गया। दीक्षांत समारोह में उपाधि हासिल करने वाले छात्रों और प्रदान करने वाले अतिथियों को एनीमेशन के जरिए दिखाया गया।

 

पहली बार डिजिटल अवतारों को दी गई ​उपाधियां
समारोह में एकजुट होकर आसपास बैठे लोग तो असली हैं लेकिन वह वर्चुअली कनेक्ट किए गए हैं और एडिंटिंग के कमाल से उन्हें एक साथ बैठे दिखाया गया है। हालांकि, मंच पर उपाधियां हासिल करते छात्रों और प्रदान करते ​गणमान्य लोगों को एनीमेशन के जरिए दिखाया गया है। ऐसा करने वाला आईआईटी बाम्बे दुनिया का पहला संस्थान बन गया। पहली बार छात्रों के डिजिटल अवतारों को डिग्रियां प्रदान की गईं।

 

 

प्रधानमंत्री के आह्वान पर किया गया नवाचार
डीडी न्यूज के अनुसार आईआईटी बाम्बे के दीक्षांत समारोह को लेकर कई लोगों ने सोशल डिस्टेंसिंग का पालन नहीं करने की शिकायत तक कर दी। लेकिन, जब उन्हें असलियत बताई गई तो वह चौंक गए। पिछले दीक्षांत समारोह में पहुंचे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने छात्रों से आह्वान किया था कि तकनीक का इस्तेमाल नवाचार में करने का प्रयास करें। जिसके तहत इस बार वर्चुअल तरीके से समारोह आयोजित कर नवाचार का उदाहरण पेश किया गया।…NEXT

 

 

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