Menu
blogid : 313 postid : 628

कैसे बनें दूसरों के लिए आकर्षण का केंद्र

क्या आप प्रतिभाशाली हैं? क्या आप आकर्षक है? लेकिन यह ज़रुरी तो नहीं कि यह सब होने बावजूद आपके अपने बॉस के साथ अच्छे रिश्ते हों, लड़कियां आपकी तरफ़ आकर्षित होती हों, या फिर आपके कई दोस्त हों. परन्तु अगर आपके पास दूसरों को अपनी तरफ़ खींचने की क्षमता है तो फिर प्रमोशन पक्का, साथी के साथ डेट भी फिक्स और दोस्ती में भी नई स्फूर्ति का संचार होगा.

जाने-माने लेखक और “क्लिक” के सह लेखक ओरी ब्रॉफमैन के मुताबिक तत्कालिक कनेक्शन(रिश्ते) बहुत शक्तिशाली होते हैं. ब्रॉफमैन के अनुसार इस बात को अध्ययन ने भी सिद्ध किया है कि तत्कालिक रिश्ते धीमी गति के रिश्तों से कई मायनों में बेहतर और सार्थक होते हैं. अतः यह ज़रुरी हो जाता है कि आप मिलनसार होने के साथ-साथ दूसरों को अपनी तरफ़ आकर्षित करने की क्षमता रखें इससे आपको फायदा ही होगा.

एक शोध के बाद ब्रॉफमैन ने यह ढूंढ़ा कि मनुष्य जीवन में तीन मुख्य व्यवहार होते हैं जो आपको दूसरों के करीब आने में मदद करेंगे.

शेयर्ड-स्पेस फैक्टर

मनुष्य का यह व्यहार यह दर्शाता है कि आप उनके साथ अधिक सहज महसूस करते हैं जो आपकी तरह सोचते हैं या जिनकी आदतें आपकी तरह होती हैं. जैसे कि लंच के समय अगर आप अपने बॉस के साथ बैठे हैं तो ऐसी बात करें जिसमें आपके बॉस की भी रूचि हो इससे आपका बॉस आपकी बातों से अधिक आकर्षित होगा.

सर्वाइवर फैक्टर

ब्रॉफमैन के मुताबिक अगर आप दूसरे व्यक्ति का उसके बुरे समय में साथ देते हैं तो इससे आप दोनों के रिश्ते मजबूत होते हैं. कहा गया है कि “”सुख के सब साथी दुःख में ना कोई”” अतः दुख के समय में साथ देना सर्वोत्तम धर्म है.

प्राक्सिमिटी फैक्टर

रिश्तों में नज़दीकी से मतलब सिर्फ एक-दूसरे से बात ही नहीं करना होता है बल्कि एक-दूसरे से साथ सुख-दुःख बांटना भी होता है. आपको यह जताना होता है कि आप हर समय किसी भी कार्य के लिए उपस्थित हो सकते हैं. पिट्सबर्ग विश्वविद्यालय के द्वारा किए गए एक अध्ययन से यह पता चला है कि आपकी लगातार उपस्थिति स्वतः आपको अधिक आकर्षक बनाती है जिससे आप दूसरों के चहेते बनते हैं.

Read Comments

Post a comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *