Menu
blogid : 7629 postid : 867542

सुहागन महिलाओं के डंडे खाने पर कुँवारों को यहाँ शीघ्र मिल जाती है दुल्हन

प्रथायें किसी क्षेत्र विशेष के लोगों की वो आदतें होती है जो वर्षों से उनके व्यवहार का हिस्सा होती हैं. ये व्यवहार दैनिक हो सकती है अथवा अवसर-विशेष. राजस्थान के इस गाँव में भी एक प्रथा वर्षों से प्रचलन में है. ये प्रथा शादी से जुड़ी होने के कारण अत्यंत रोचक भी है. करीब दस दशकों से कायम यह प्रथा ऐसी है जिसमें लड़कियाँ लड़कों को डंडे मारती है. इससे बचने के लिये लड़के भागते हैं. इस बीच जिस लड़के को डंडा छू जाती है उसका विवाह शीघ्र हो जाता है.


dheenga gawar


क्या कहते हैं बूढ़े-बुजुर्ग

मारवाड़ में रहने वाले पुरूष धींगा गवर के दर्शन नहीं करते. धींगा गवर के दर्शन से पुरूषों की शीघ्र मृत्यु की आशंका और उससे उपजी अफ़वाह के कारण पुरूष इससे बचने की कोशिश करते थे. लेकिन धींगा गवर की पूजा करने वाली सुहागिन महिलायें मध्य रात्रि में हाथ में बेंत अथवा डंडा फटकारते और गीत गाती हुई चलतीं हैं. डंडा फटकारने का आशय पुरूषों को सावधान करने से है.


Read: अनोखी शादी ! लिव-इन रिलेशनशिप में रहने के बाद इन तीन युवाओं ने रचाई एक-दूजे संग शादी


राह में पुरूष दिखते ही महिलायें उन पर बेंत अथवा डंडे फेंकती है. कभी बेंत की चोट खाने के कुछ ही दिनों बाद किसी युवक की शादी हो गयी होगी जिसके बाद से इस प्रथा को वहाँ मान्यता मिल गयी. समय बीतने के साथ इस प्रथा ने मेले का रूप ले लिया जिसे बेंतमार गणगौर का नाम दिया गया.


Read: अपनी इस अनोखी मांग के लिए अनशन पर बैठा है यह युवक


धींगा गवर की पहचान

किंवदंतियों की मानें तो ईसर और गवर शिव व पार्वती के प्रतीक हैं. धींगा भील जनजाति की एक महिला थी जिसके पति का निधन शादी के कुछ दिनों बाद हो गया था. दोबारा ईसर जैसा पति मिलने की कामना से ही ईसर-गवर को पूजने की शुरूआत हुई. बेंतमार गणगौर में विधवा को भी पूजा करने की छूट है. यह पूजा मुख्य रूप से मारवाड़ के क्षेत्र में की जाती है. Next….


Read more:

एक अनोखा त्योहार जिसमें करते हैं लोग अपनी मौत की खरीददारी

इस अनोखी कमेंट्री ने छुड़ाया गांववालों की खुले में शौच करने की आदत

पेंड़ से संबंध बनाने के बाद महिला को मिली संतुष्टि, फिर लिया यह अनोखा फैसला


Read Comments

Post a comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *